मध्य प्रदेश पूर्व क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी लि. के कटंगी कार्यालय में पदस्थ सहायक अभियंता और लाइनमैन को लोकायुक्त पुलिस की टीम ने सोमवार दोपहर 12 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों पकड़ा। बिजली विभाग के ये कर्मचारी एक किसान से कृषि भूमि में मोटर चलाने के लिए स्थायी बिजली कनेक्शन देने के एवज में रिश्वत की मांग कर रहे थे। शिकायत के सत्यापन के बाद लोकायुक्त पुलिस ने योजनाबद्ध तरीके से दोनों आरोपियों को रिश्वत की रकम के साथ पकड़ लिया।
तीन एचपी कनेक्शन के लिए रिश्वत
जबलपुर की कटंगी तहसील के ग्राम जमुनिया निवासी मुकेश कुमार यादव ने अपनी कृषि भूमि में मोटर चलाने के लिए तीन एचपी का स्थायी बिजली कनेक्शन लेने हेतु आवेदन दिया था। आवेदक ने यह आवेदन मध्य प्रदेश पूर्व क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी लि. के कार्यालय कटंगी में पेश किया था। कनेक्शन जारी करने के एवज में कार्यालय में पदस्थ सहायक अभियंता मनोज कुमार दुबे और लाइनमैन धनेश कुमार शुक्ला ने किसान से 15 हजार रुपये की रिश्वत मांगी। पीड़ित किसान मुकेश ने अधिकारियों से रकम अधिक होने की बात कही और राशि कम करने का अनुरोध किया, लेकिन दोनों आरोपी बिना रिश्वत लिए काम करने को तैयार नहीं हुए।
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लोकायुक्त पुलिस ने बिछाया जाल
परेशान होकर पीड़ित मुकेश यादव ने घटना की लिखित शिकायत लोकायुक्त पुलिस अधीक्षक से की। सोमवार को लोकायुक्त पुलिस ने शिकायत का त्वरित सत्यापन कराया और आरोप की पुष्टि होने के बाद दोनों कर्मचारियों को पकड़ने के लिए जाल बिछाया। सत्यापन के बाद योजना के अनुसार सोमवार को जैसे ही आवेदक से आरोपियों ने कार्यालय के बाहर 12 हजार रुपये की रिश्वत ली, वहां पहले से मौजूद लोकायुक्त पुलिस की टीम ने उन्हें मौके पर ही रंगे हाथों पकड़ लिया।
कई धाराओं के तहत कार्रवाई
पकड़े गए आरोपियों में दिवंगत सीताराम दुबे के 61 वर्षीय पुत्र मनोज कुमार दुबे (सहायक अभियंता) और लाइनमैन धनेश कुमार शुक्ला शामिल हैं। लोकायुक्त पुलिस दोनों आरोपियों के विरुद्ध भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 (संशोधन 2018) की धारा-7, 13(1)बी, 13(2) तथा बीएनएस की धारा 61(2) के अंतर्गत वैधानिक कार्रवाई कर रही है।