संस्कृति एवं राज्य कर विभाग की ओर से सोमवार को हजरतगंज स्थित विश्वेश्वरैया सभागार में व्यापारी कल्याण दिवस का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में व्यापारियों, उद्योग प्रतिनिधियों और विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने भाग लिया। मुख्य अतिथि सुरेश खन्ना ने अपने संबोधन में महाराणा प्रताप और भामाशाह के राष्ट्रप्रेम और त्याग का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि महाराणा प्रताप ने मुगल सम्राट अकबर की अधीनता स्वीकार नहीं की और स्वाभिमान तथा स्वतंत्रता की रक्षा के लिए संघर्ष किया। उन्होंने कहा कि इतिहास में दानवीर भामाशाह का योगदान अतुलनीय है। भामाशाह ने अपने सर्वस्व का दान देकर महाराणा प्रताप के संघर्ष को नई शक्ति प्रदान की, जिसके कारण उनका नाम भारतीय इतिहास में सदैव सम्मान के साथ लिया जाता है। कार्यक्रम को जयवीर सिंह ने भी संबोधित किया। उन्होंने व्यापारियों के योगदान की सराहना करते हुए प्रदेश की सांस्कृतिक विरासत और आर्थिक विकास में उनकी भूमिका पर प्रकाश डाला। इस अवसर पर व्यापारी कल्याण से जुड़े विभिन्न विषयों पर चर्चा की गई और उपस्थित व्यापारियों को सरकार की योजनाओं एवं सुविधाओं की जानकारी भी दी गई।