राजधानी लखनऊ में सोशलिस्ट पार्टी (इंडिया) की ओर से उप्र धर्मांतरण विरोधी कानून को निरस्त करने की मांग को लेकर प्रेस क्लब में सम्मेलन आयोजित किया गया। इसमें लविवि की पूर्व कुलपति प्रो रूप रेखा वर्मा ने प्रकरणों के दस्तावेज जारी किए। इस, मौके पर ऑल इंडिया क्रिश्चियन काउंसिल के पूर्व महासचिव जॉन दयाल, अधिवक्ता मो. शोएब, संदीप पांडेय, सेवानिवृत्त हर्ष मंदर व अधिवक्ता सलाहुद्दीन मौजूद रहे। इंडिया कैथोलिक फोरम के संयोजक छोटेबाई ने संबोधित किया। कहा कि 1971 के बाद से लगातार ईसाई समाज की संख्या कम होती जा रही है।