आप की दिल्ली इकाई के प्रमुख और पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता भारद्वाज के खिलाफ ईडी की जांच जून में दिल्ली की भ्रष्टाचार निरोधक शाखा द्वारा दर्ज की गई एक प्राथमिकी से सामने आई है. एसीबी ने मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के नेतृत्व वाली आप सरकार द्वारा स्वास्थ्य अवसंरचना परियोजनाओं में भ्रष्टाचार के आरोप में भारद्वाज, उनकी पार्टी के सहयोगी और पूर्व स्वास्थ्य मंत्री सत्येंद्र जैन, निजी ठेकेदारों और अज्ञात सरकारी अधिकारियों के खिलाफ मामला दर्ज किया था. ईडी की कार्रवाई पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए आप ने दावा किया कि भारद्वाज के खिलाफ छापेमारी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की डिग्री के बारे में उठाए जा रहे सवालों से ध्यान हटाने का प्रयास है और पार्टी नेता के खिलाफ मामला झूठा है. पार्टी के वरिष्ठ नेता मनीष सिसोदिया ने दावा किया कि मामला उस समय का है जब भारद्वाज किसी मंत्री पद पर नहीं थे.वहीं आप नेता संजय झा ने भी ईडी को लेकर कई सवाल उठाए हैं ..हालांकि ईडी की इस कार्रवाई को लेकर कांग्रेस भी खुलकर आम आदमी पार्टी का साथ दे रही है... दिल्ली कांग्रेस अध्यक्ष देवेन्द्र यादव ने भी ईडी की इस छापेमारी को लेकर कई सवाल उठाए हैं
एसीबी की यह शिकायत बीजेपी की दिल्ली इकाई द्वारा पिछले साल अगस्त में ‘‘दिल्ली सरकार के तहत विभिन्न स्वास्थ्य अवसंरचना परियोजनाओं में ‘‘गंभीर’’ अनियमितताओं एवं ‘‘संदिग्ध भ्रष्टाचार’’ का आरोप लगाए जाने के बाद आई है. एसीबी की शिकायत में ‘‘परियोजना बजट में हेरफेर, सार्वजनिक धन के दुरुपयोग और निजी ठेकेदारों के साथ मिलीभगत’’ का आरोप लगाया गया है. शिकायत में आरोप लगाया गया है कि 2018 से 2019 के दौरान 5,590 करोड़ रुपये की 24 अस्पताल परियोजनाओं को मंजूरी दी गई थी. हालांकि, ये परियोजनाएं काफी हद तक अधूरी रहीं और लागत में भारी एवं बेहिसाब वृद्धि हुई.
आम आदमी पार्टी के अध्यक्ष अरविंद केजरीवाल ने कहा कि सौरभ भारद्वाज के घर ED की रेड मोदी सरकार द्वारा एजेंसीज के दुरुपयोग का एक और मामला है. मोदी सरकार आम आदमी पार्टी के पीछे पड़ गई है. जिस तरह “आप” को टारगेट किया जा रहा है, ऐसे इतिहास में किसी पार्टी को नहीं किया गया. “आप” को इसलिए टारगेट किया जा रहा है, क्योंकि मोदी सरकार की ग़लत नीतियों और भ्रष्ट कामों के खिलाफ सबसे मुखर आवाज “आप” की है. मोदी सरकार हमारी आवाज दबाना चाहती है. ये कभी नहीं होगा. “आप” बीजेपी की इन रैडों से डरने वाली नहीं. हम हमेशा की तरह देश हित में ग़लत नीतियों और भ्रष्टाचार के खिलाफ आवाज उठाते रहेंगे.