बनारस हिंदू विश्वविद्यालय में चल रहे राष्ट्रीय संस्कृति महोत्सव में निजामी बंधुओं ने चार चांद लगा दिए। सूफी संगीत के उस्ताद निजामी बंधुओं ने एक से बढ़कर एक कव्वाली गाईं, जिसने दर्शकों को झूमने पर मजबूर कर दिया।वहीं पूरा हॉल तालियों की गड़गड़ाहट से तब गूंज उठा जब निजामी बंधुओं ने ‘छाप तिलक सब छीनी रे मोसे नैना मिलाइके’ के सूर छेड़े।