उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने कहा, "कांग्रेस के अघोषित स्थायी अध्यक्ष और लोकसभा नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी, राजद नेता तेजस्वी यादव और INDI गठबंधन के नेताओं ने राजनीति के स्तर को इतना नीचे गिराने वाली भाषा का इस्तेमाल किया है कि इसके लिए बिहार की जनता के साथ साथ देश की जनता इन्हें माफ नहीं करेगी। मैं इसकी कड़े शब्दों में आलोचना करता हूं। ये प्रधानमंत्री मोदी का अपमान नहीं बल्कि देश के 140 करोड़ लोगों का अपमान है। इन लोगों के पास को योजना नहीं है, ये सिर्फ प्रधानमंत्री के खिलाफ अपशब्दों का इस्तेमाल करना, चुनाव आयोग पर आरोप लगाने का काम करते रहते हैं। इन्हें देश की जनता से नाक रगड़ कर माफी मांगनी चाहिए... इनकी यात्रा फ्लॉप साबित हुई है इसलिए ये गाली गलौज पर उतर आए हैं।"
डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि स्तरहीनता ही कांग्रेस और राजद की राजनीति की पहचान है। बिहार में राहुल गांधी और तेजस्वी यादव ने राजनीति को सबसे निम्न स्तर पर पहुंचा दिया है। ऐसी गिरी हुई सोच को बिहार और देश की जनता कभी माफ नहीं करेगी। वहीं डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने कहा कि राजनीति में ऐसी नीचता पहले कभी नहीं देखी गई। राहुल की यात्रा अपमान, घृणा और स्तरहीनता की सारी हदें पार कर चुकी है। तेजस्वी और राहुल अपने बयानों में देश के महापुरुषों को अपमानित करते रहे हैं। उन्होंने बिहार की जनता को भी नहीं बख्शा। उनकी हताशा की स्थिति यह है कि पीएम की स्वर्गीय मां के प्रति गालियों का इस्तेमाल करा रहे हैं। बिहार की जनता राहुल और तेजस्वी को कभी माफ नहीं करेगी।
बिहार में कांग्रेस और राष्ट्रीय जनता दल की रैली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के लिए अभद्र भाषा के प्रयोग पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ समेत तमाम नेताओं ने कड़ी आपत्ति जताई है। उन्होंने इस कृत्य की निंदा करते हुए हुए इसे लोकतांत्रिक मर्यादा और भारतीय संस्कृति पर सीधा प्रहार बताया है। सीएम ने सोशल मीडिया पर लिखा है कि कांग्रेस और आरजेडी नेताओं द्वारा पीएम के लिए अपमानजनक भाषा का प्रयोग 140 करोड़ देशवासियों की भावनाओं को ठेस पहुंचाने वाला कृत्य है।
सीएम ने लिखा कि कांग्रेस और आरजेडी के मंच से पीएम मोदी के लिए प्रयुक्त अभद्र भाषा राजनीतिक मर्यादा का पतन है। एक साधारण मां ने अपने संघर्ष और संस्कारों से ऐसे पुत्र को गढ़ा, जिसने स्वयं को राष्ट्रसेवा के लिए समर्पित कर दिया। सीएम ने विश्वास जताया कि बिहार की जनता इस तरह की 'घृणित राजनीति' का जवाब लोकतांत्रिक तरीके से देगी।