सुप्रीम कोर्ट में झूठे सबूत पेश करने के आरोप में बीसीसीआई अध्यक्ष अनुराग ठाकुर पर गिरफ्तारी की तलवार लटक रही है। कोर्ट ने अनुराग ठाकुर को प्रथम दृष्टया दोषी पाया है और ठाकुर को एक हफ्ते में अपने बचाव में दस्तावेज पेश करने को कहा है। मामले में अमिकस क्यूरी गोपाल सुब्रह्मण्यम ने कहा कि ठाकुर न्यायालय को गुमराह करना चाहते हैं और कोर्ट की सुनवाई में बाधा डाल रहे हैं। इससे पहले सुप्रीम कोर्ट बीसीसीआई से कई बार लोढ़ा कमेटी की सिफारिशों को लागू करने को कह चुका है, लेकिन बीसीसीआई लगातार कोई न कोई पेच बताकर इससे बचती रही है। अब अगर ठाकुर माफी नहीं मांगते तो कोर्ट उन्हें जेल भी भेज सकता है।