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Mandi: साढ़े 7 करोड़ मुआवजे के बाद जागा राज परिवार, जोगिंद्र जिमखाना क्लब के संचालन पर लगाए संगीन आरोप

मंडी शहर के पड्डल वार्ड में करीब 20 बीघा जमीन पर राजा जोगिंद्र सेन के समय बने जोगिंद्र जिमखाना क्लब को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। क्लब की कुछ जमीन का सड़क निर्माण के लिए अधिग्रहण होने के बाद मिली साढ़े 7 करोड़ की धनराशि के मालिकाना हक को लेकर राज परिवार और जोगिंद्र जिमखाना क्लब आमने-सामने आ गए हैं। मंडी रियासत के राज परिवार ने अर्जी लगाकर इस धनराशि पर स्टे लगाने की मांग उठाई है। जबकि जनहित में सड़क का निर्माण कार्य जारी रखने को कहा गया है। राज परिवार मंडी के मुख्तार खास मान सिंह, लीगल कंसल्टेंट एडवोकेट बीआर कौंडल, एडवोकेट संजय मंडयाल और अन्य लोगों ने आज मंडी में आयोजित पत्रकार वार्ता में जिमखाना क्लब के संचालकों पर कई संगीन आरोप लगाए। लीगल कंसल्टेंट एडवोकेट बीआर कौंडल ने कहा कि क्लब के संविधान के तहत इसका चीफ पेट्रन राज परिवार का मुखिया होता है। लेकिन जमीन भूमि अधिग्रहण में न तो राज परिवार की अनुमति ली गई और न ही इस प्रकार की कोई जानकारी सांझा की गई। जमीन अधिग्रहण की जानकारी उन्हें खुद मीडिया के माध्यम से प्राप्त हुई। इन्होंने स्पष्ट कहा है कि जो पैसा है वो क्लब को ही दिया जाए, लेकिन इसमें राज परिवार को यह स्पष्ट किया जाए कि यह सब उनकी अनुमति और जानकारी के बीना कैसे किया गया। लीगल कंसल्टेंट एडवोकेट संजय मंडयाल ने कहा कि राज परिवार की संपत्ति के राजस्व रिकार्ड के साथ जिमखाना क्लब प्रबंधन ने छेड़छाड़ की है। पुराने दस्तावेजों को निकालने पर यह पता चल रहा है कि राजस्व रिकार्ड में उस जमीन के मालिक का नाम ही दर्ज नहीं है। जबकि यह जमीन राज परिवार की थी और इसे क्लब के संचालन के लिए दिया गया था। बाद में राजस्व रिकार्ड के साथ छेड़छाड़ हुई है और इसकी पूरी गहनता से जांच होनी चाहिए। संजय मंडयाल ने कहा कि जोगिंद्रा जिमखाना क्लब के अनुसार वहां खेल और मनोरंजन से संबंधित गतिविधियां होनी चाहिए थी लेकिन आज एक समुदाय विशेष के लोगों ने उस क्लब पर पूरी तरह से कब्जा करके रखा हुआ है और वहां पर कई तरह की गैरकानूनी गतिविधियां संचालित की जा रही हैं। समुदाय विशेष के लोगों ने वहां पर अपना कब्जा करके बाकी सभी लोगों को वहां से दरकिनार कर दिया है। आज वहां किसी को भी मेंबरशिप नहीं दी जाती जबकि यह सभी के लिए ओपन होनी चाहिए थी। इन्होंने इस पर भी कार्रवाई और जांच की मांग उठाई है।

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