एचआरटीसी धर्मपुर डिपो के चालक, परिचालक, मैकेनिक तथा अन्य कर्मचारियों ने सरकार और निगम प्रबंधन के प्रति अपना रोष व्यक्त करते हुए डिपो परिसर में गेट मीटिंग आयोजित की। इस दौरान कर्मचारियों ने लंबे समय से लंबित वित्तीय देनदारियों का शीघ्र भुगतान करने की मांग उठाई। कर्मचारियों ने कहा कि उन्हें लगभग 50 हजार रुपये की एरियर किस्त का भुगतान अभी तक नहीं किया गया है, जबकि यह राशि लंबे समय से लंबित है। इसके अलावा कर्मचारियों का करीब सात वर्षों का नाइट ओवरटाइम भत्ता भी बकाया पड़ा हुआ है, जिसके कारण कर्मचारियों में भारी नाराजगी है। गेट मीटिंग में वक्ताओं ने कहा कि एचआरटीसी कर्मचारी विषम परिस्थितियों में दिन-रात यात्रियों को बेहतर परिवहन सेवाएं उपलब्ध करवा रहे हैं, लेकिन इसके बावजूद उनके वैध वित्तीय लाभ समय पर नहीं दिए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि बढ़ती महंगाई के दौर में कर्मचारियों के लिए अपने परिवार का भरण-पोषण करना कठिन होता जा रहा है और बकाया भुगतान न मिलने से आर्थिक परेशानियां और बढ़ गई हैं। कर्मचारियों ने सरकार से मांग की कि लंबित एरियर की किस्त और सात वर्षों से रुका नाइट ओवरटाइम भुगतान जल्द जारी किया जाए, ताकि कर्मचारियों को राहत मिल सके। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर शीघ्र सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया तो भविष्य में आंदोलन को और तेज किया जा सकता है। गेट मीटिंग के दौरान कर्मचारियों ने एकजुटता का परिचय देते हुए अपनी मांगों के समर्थन में आवाज बुलंद की तथा सरकार से कर्मचारियों के हितों की अनदेखी न करने की अपील की। कर्मचारियों का कहना है कि लंबे समय से लंबित भुगतान जारी कर सरकार को कर्मचारी हितैषी होने का परिचय देना चाहिए। इस दौरान सुरेंद्र शर्मा, सुनील कुमार, विनय कुमार, राजेश कुमार, कमलेश कुमार, राकेश कुमार, व संजीव कुमार सहित समस्त चालक व परिचालक भी उपस्थित रहे।