ग्राम पंचायत हनोह निवासी और भारत-तिब्बत सीमा पुलिस आईटीबीपी में कार्यरत 41 वर्ष के हवलदार नितिन चौहान का सैन्य सम्मान के साथ हनोह में अंतिम संस्कार किया गया। उन्हें पुष्पचक्र अर्पित कर श्रद्धांजलि दी। सोमवार सुबह चंडीगढ़ में जवान का हृदयगति रुकने से आकस्मिक निधन हो गया। वे इन दिनों केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो चंडीगढ़ में प्रतिनियुक्ति पर कार्यरत थे। उनके असामयिक निधन की सूचना मिलते ही क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई। परिजनों सहित ग्रामीणों, सैन्यकर्मियों और प्रशासनिक अधिकारियों ने गहरा दुख व्यक्त किया है। अंतिम विदाई के दाैरान हर आंख नम थी। हवलदार नितिन चौहान एक ऐसे परिवार से ताल्लुक रखते थे, जिनकी कई पीढ़ियां देश सेवा में समर्पित रही हैं। दादा स्वर्गीय बलवंत सिंह आजाद हिंद फौज में सेवारत थे। पिता स्वर्गीय कमलेश कुमार भारतीय सेना से सेवानिवृत्त हुए थे। बड़े भाई सचिन चौहान वर्तमान में सीआरपीएफ में डिप्टी कमांडेंट के पद पर कार्यरत हैं। इस गौरवपूर्ण पृष्ठभूमि से आने वाले नितिन चौहान ने भी देश सेवा को जीवन का उद्देश्य बनाया और अपने कर्तव्यों का निष्ठापूर्वक निर्वहन किया। हवलदार नितिन चौहान अपने पीछे पत्नी व पांच वर्ष की बेटी व तीन वर्ष का बेटा छोड़ गए हैं। अंतिम संस्कार के दौरान एसडीएम भोरंज शशिपाल शर्मा, तहसीलदार भोरंज डॉ. आशीष शर्मा, एसएचओ भोरंज प्रशांत सिंह ठाकुर, जिला परिषद सदस्य पवन कुमार, बीडीसी चेयरमैन राजेंद्र सिंह, आईटीबीपी और सीबीआई के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।