डलहौजी के घने जंगल से एक घायल घोरल के बच्चे को स्थानीय वन विभाग की टीम ने सुरक्षित रूप से रेस्क्यू कर गोपालपुर चिड़ियाघर पहुंचाया,जहां उसका इलाज चल रहा है। जानकारी के अनुसार तीन माह का बच्चा जंगल में घायल अवस्था में पड़ा हुआ था। स्थानीय ग्रामीणों व वन विभाग की टीम ने रेस्क्यू कर उसे गोपालपुर पहुंचाया। चिड़ियाघर में कार्यरत वेटनरी विशेषज्ञों ने घायल घोरल की टूटी हुई टांग का आवश्यक उपचार शुरू किया। वन्यजीव क्षेत्र हमीरपुर के डीएफओ रेजिनोल्ड रॉयस्टन ए ने कहा कि स्वस्थ होने तक घोरल का चिड़ियाघर में ही उपचार किया जाएगा, इसके उपरांत घोरल को सुरक्षित जंगल में छोड़ा जाएगा।