ट्रायल के इलेक्ट्रिक बस धर्मशाला पहुंची, इस दौरान धर्मशाला के विभिन्न रूटों पर बस को चलाकर इसकी गति और अन्य सुविधाओं की सोमवार को जांच की गई। बस में अगर को कमी पाई जाती है, तो कंपनी ऑलेक्ट्रा कंपनी को इन कमियों को दूर करने के लिए कहा जाएगा। इसमें 30 सवारियों के लिए सीटें हैं, मगर इसमें दो सीटों को बढाया जाएगा। इसके बाद ई-बस में सीटें की संख्या 32 हो जाएगी। यह जानकारी सोमवार को परिवहन निगम के उपाध्यक्ष अजय वर्मा ने धर्मशाला में पत्रकार वार्ता के दौरान कही। धर्मशाला के विभिन्न तीन रूटों पर बस ट्रायल किया गया। इसमें धर्मशाला से शाहपुर और वापस फिर धर्मशाला से शाहपुर पहुंची। इसके साथ ही धर्मशाला से घेरा और इसके बाद धर्मशाला से मैक्लोगंज के रूट पर ई-बस का ट्रायल किया गया। इस सभी रूटों पर बस को एक बार चार्ज करने पर 180 किलोमीटर का सफर तय कर रही है। ट्रायल होने के बाद बस के रूट तय किए जाएंगे, ताकि एक बार चार्ज होने पर बस अपने गणतंव्य तक पहुंचकर वापस पहुंच सके। वर्मा ने कहा कि 12 वर्ष तक इस बस की देखरेख ऑलेक्ट्रा कंपनी की ओर से किया जाएगा। पूरे प्रदेश में ट्रायल होने के बाद हिमाचल परिवहन निगम के बेडे़े में 297 नई इलेक्ट्रिक बसें शामिल होंगी और इनकी पहली खेप अप्रैल माह में प्रदेश पहुंच जाएगी। इससे प्रदेश के लोगों को प्रदूषण रहित और आरामदायक सफर का लाभ मिलेगा। उन्होंने कहा कि ई-बस के रूटों पर प्रदेश के सभी डिपुओं के आरएम काम कर रहे हैं। जल्द ही उनकी रिपोर्ट हमारे पास आने की संभावना है। बस में सवारियां के हिसाब से मिट्टी से भरकर बौरे रखे गए हैं, ताकि उस वजन के हिसाब से बस की रफ्तार को मापा जा सके। इस मौके पर मंडलीय प्रबंधक पंकज चड्ढा, क्षेत्रीय प्रबंधक साहित कपूर, देवेंद्र गग्गी सहित कर्मचारी भी मौजूद रहे।