राष्ट्रीय जलविद्युत निगम की बैरा स्युल परियोजना में संविदा कर्मचारियों ने नई श्रम नीतियों और प्रबंधन के खिलाफ रोष प्रकट किया। इसमें सीटू के राज्य महासचिव प्रेम गौतम, जिला महासचिव सुदेश और जिला अध्यक्ष नरेंद्र उपस्थित रहे। सीटू के राज्य महासचिव प्रेम गौतम ने कहा कि नए श्रम संहिता कानून मजदूर विरोधी हैं। सरकार ने 29 श्रम कानूनों को समाप्त कर चार श्रम संहिताएं लागू की हैं, जिनका उद्देश्य मजदूरों को बंधुआ बनाना है। उन्होंने मांगों को लेकर 12 फरवरी को हड़ताल करने का निर्णय लिया है।