राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला औहर में आयोजित संवाद कार्यक्रम के दौरान तकनीकी शिक्षा मंत्री राजेश धर्माणी ने विद्यार्थियों को बड़ी सौगात देते हुए विद्यालय के खेल मैदान के निर्माण और शौचालयों के उन्नयन के लिए 55 लाख रुपये देने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि आवश्यक धनराशि उपलब्ध कराकर दोनों कार्य जल्द शुरू करवाए जाएंगे, जिससे विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक और खेल सुविधाएं मिल सकें। कार्यक्रम में मंत्री ने विद्यार्थियों के साथ खुलकर बातचीत की और उन्हें जीवन में स्पष्ट लक्ष्य तय करने की प्रेरणा दी। उन्होंने कहा कि बिना लक्ष्य के सफलता हासिल करना कठिन है। यदि विद्यार्थी अभी से अपने भविष्य की दिशा तय कर लें और उसी के अनुसार मेहनत करें तो वे अपने सपनों को साकार कर सकते हैं। राजेश धर्माणी ने विद्यार्थियों से कहा कि वे अपनी रुचि और क्षमता के अनुसार करियर चुनें तथा 25 और 30 वर्ष की आयु तक क्या हासिल करना चाहते हैं, इसकी स्पष्ट योजना अभी से तैयार करें। उन्होंने सुझाव दिया कि विद्यार्थी अपनी कॉपी में अपने जीवन के लक्ष्य लिखें और उन्हें हासिल करने के लिए चरणबद्ध प्रयास करें। उन्होंने कहा कि शिक्षा का उद्देश्य केवल परीक्षा में अच्छे अंक लाना नहीं, बल्कि सीखी हुई बातों को व्यवहारिक जीवन में अपनाना भी है। उन्होंने शिक्षकों से भी आग्रह किया कि वे विद्यार्थियों को विषयों का व्यावहारिक महत्व समझाएं, ताकि शिक्षा जीवनोपयोगी बन सके। संवाद के दौरान विद्यार्थियों ने मंत्री से उनके विद्यार्थी जीवन और राजनीतिक अनुभवों से जुड़े सवाल भी पूछे। जब एक छात्र ने उनसे जीवन की सबसे बड़ी उपलब्धि के बारे में पूछा तो उन्होंने कहा कि उन्होंने अपने पूरे जीवन में कभी अपना ईमान नहीं बेचा। उनके इस जवाब का विद्यार्थियों ने तालियों से स्वागत किया। कार्यक्रम के अंत में मंत्री ने विद्यालय परिसर में हींग का पौधा लगाकर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। उन्होंने विद्यार्थियों से हर वर्ष कम से कम एक पौधा लगाने और उसकी देखभाल करने का संकल्प लेने का आह्वान किया। इस अवसर पर उच्च शिक्षा निदेशक नरेश कुमारी, विद्यालय की प्रधानाचार्य सिमरो भटनागर, ग्राम पंचायत औहर के प्रधान देशराज, पूर्व प्रधान सुनीता धीमान, मुख्य व्यवसायी नंदलाल बोरा, शिक्षकगण तथा बड़ी संख्या में विद्यार्थी उपस्थित रहे।