बीपीएल कार्ड कटने के विरोध में बुधवार को तीन गांव के ग्रामीणों ने गोहाना रोड स्थित अतिरिक्त उपायुक्त कार्यालय के बाहर रोष जताकर उन्हें न्याय दिलवाने की मांग की। जिला पार्षद संजय बड़वासनी के नेतृत्व में ग्रामीणों ने कहा कि लगातार महंगाई बढ़ रही है, लेकिन कुछ लोगों के पास आय का कोई साधन नहीं होने के बावजूद उनके बीपीएल कार्ड काटे जा रहे हैं। अतिरिक्त उपायुक्त के नहीं मिलने पर ग्रामीण कार्यालय में शिकायत देकर वापस लौट गए। गांव जुआं, दोदवा व रिढाऊ के ग्रामीण अपनी शिकायत लेकर अतिरिक्त उपायुक्त कार्यालय पहुंचे। ग्रामीण भोला, धर्म, राजवीर, प्रदीप, कुलदीप ने बताया कि इस वर्ष जिला में करीब 25 हजार लोगों के बीपीएल काट दिए गए हैं। जब वह अधिकारियों को शिकायत करते हैं तो उन्हें ऊपर से बीपीएल कार्ड कटने का हवाला दिया जा रहा है। ऐसे में वह अपनी समस्या का समाधान करवाने की गुहार किससे लगाएं। उन्होंने कहा कि मजदूरों को पूरा महीना मजदूरी नहीं मिल पाती है। वह सप्ताह में 3-4 दिन मजदूरी कर परिवार का पालन-पोषण करने को मजबूर हैं। बच्चों को अच्छी शिक्षा भी नहीं दिलवा पा रहे हैं। लगातार बढ़ती महंगाई के कारण जरूरतमंद परिवारों की स्थिति बिगड़ती जा रही है। ऐसे में सरकार की ओर से उनके बीपीएल कार्ड काटकर दोहरी मार की जा रही है।