पंचायती जमीन पर अपने परिवार के नाम दर्ज करवाने की शिकायत पर गत दिनों जिला उपायुक्त द्वारा गांव अमरपुर जौरासी के सरपंच हरिराम को निलंबित कर दिया था। गांव में पंचायती जमीन पर कब्जे को लेकर ग्रामीणों द्वारा शिकायत की गई थी, जिसके बाद एसडीएम द्वारा जांच करवा कर उपायुक्त ने सरपंच को निलंबित किया था। इस मामले को लेकर शनिवार को गांव अमरपुर जौरासी के सरपंच हरिराम ने गांव में पत्रकारों को बुलाकर पूरे घटनाक्रम के बारे में बताया। सरपंच हरिराम ने कहा कि मुझे केवल गांव में पंचायती जमीन से अवैध कब्जा हटवाने की सजा मिली है। उन्होंने कहा कि जिस जगह को पंचायती जमीन बताकर परिवार के सदस्यों के नाम चढ़ाने की बात कही जा रही है, वह 1932 से हमारे पूर्वजों सेवाराम व संताराम के नाम है। उन्होंने कहा कि उससे पहले जो सरपंच थे उन्होंने भी इस जमीन को हमारी होना स्वीकार किया है।