संवाद न्यूज एजेंसी नारनौल। जिला खनिज फाउंडेशन (डीएमएफ) से कराए जा रहे विकास कार्यों की समीक्षा के लिए बृहस्पतिवार को उपायुक्त अनुपमा अंजली की अध्यक्षता में जिला खनिज प्रतिष्ठान समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में भिवानी-महेंद्रगढ़ के सांसद चौधरी धर्मबीर सिंह, नारनौल के विधायक ओमप्रकाश यादव, महेंद्रगढ़ के विधायक कंवर सिंह यादव तथा नांगल चौधरी की विधायक मंजू चौधरी मौजूद रहीं। बैठक में करीब 16 करोड़ रुपये की लागत से चल रहे 108 विकास कार्यों की विभागवार समीक्षा की गई। इसके बाद जनप्रतिनिधियों ने नए विकास कार्यों के प्रस्ताव प्रस्तुत किए, जिन पर चर्चा करते हुए उनकी व्यवहार्यता (फिजिबिलिटी) की जांच कराने के निर्देश दिए गए। सांसद चौधरी धर्मबीर सिंह ने कहा कि किसी भी परियोजना को मंजूरी देने से पहले उसकी व्यवहार्यता का गंभीरता से आकलन किया जाए, ताकि बाद में कार्य बीच में न रुके। उन्होंने विकास कार्य पूरे होने के बाद ग्राम सभा के माध्यम से सोशल ऑडिट कराने पर भी जोर दिया। साथ ही शिक्षा, खेल और युवाओं से जुड़े विकास कार्यों को प्राथमिकता देने की बात कही। बैठक में लंबित उपयोगिता प्रमाण-पत्रों की भी समीक्षा की गई। ग्रामीण क्षेत्रों में स्वच्छता व्यवस्था मजबूत करने के लिए ट्रैक्टर-ट्रॉली की खरीद, पेयजल आपूर्ति के लिए नए नलकूपों का निर्माण तथा ई-लाइब्रेरी जैसी जनसुविधाओं से जुड़ी परियोजनाओं की प्रगति पर भी चर्चा हुई। उपायुक्त ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी विकास कार्य पारदर्शिता और तय समयसीमा में पूरे किए जाएं, ताकि योजनाओं का लाभ सीधे आमजन तक पहुंचे। जिला खनन अधिकारी अनिल कुमार ने डीएमएफ के तहत हुए कार्यों और फंड के आय-व्यय का ब्यौरा प्रस्तुत किया। बैठक में एडीसी तरुण कुमार पावरिया सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।