आखिरकार भारतीय किसान यूनियन चढूनी गुट भी किसान आंदोलन में कूद गया है। भले ही पंजाब सीमा पर डटे किसानों के साथ चढूनी गुट से जुड़े किसान नहीं दिखाई देंगे, लेकिन उनकी मांगों के समर्थन में लगातार सड़कों पर उतरेंगे। शुक्रवार को प्रदेश के सभी टोल प्लाजा दोपहर 12 से शाम तीन बजे तक फ्री कराए जाएंगे तो वहीं अगले दिन शनिवार को तहसील स्तर पर ट्रैक्टर रैली निकाली जाएगी। यह फैसला भाकियू चढूनी गुट के अध्यक्ष गुरनाम सिंह चढूनी की अध्यक्षता में कुरुक्षेत्र के शाहाबाद में हुई आपात बैठक में लिया गया। बैठक के बाद चढूनी ने पत्रकारों से चर्चा में कहा कि वे आंदोलन कर रहे किसानों की मांगों का समर्थन करते हैं। उनकी मांगें पूरी तरह से जायज हैं और इन्हें सरकार को तत्काल मान लेना चाहिए। चढूनी ने एक और मांग जोड़ते हुए कहा कि आगे होने वाला चुनाव ईवीएम से न कराकर वैलेट पेपर से कराया जाए।