पराली जलाने वाले किसानों के खिलाफ प्रशासन लगातार मामले दर्ज कर रहा है। इसके बावजूद किसान पराली जलाने से बाज नहीं आ रहे हैं। रविवार रात को पिल्लूखेड़ा के आसपास के कुछ गांवों में पराली जलाई गई। रात के समय किसान पराली इसलिए जलाते हैं ताकि वह सेटेलाइट की पकड़ में नहीं आ सकें, लेकिन इसके बावजूद भी प्रशासन उन तक पहुंच ही जाता है। रविवार रात को पिल्लूखेड़ा क्षेत्र के आसपास कई एकड़ में पराली जलाई गई। आग की लपटें दूर-दूर तक पहुंच रही थी। इससे उठने वाला धुआं वायु प्रदूषण कर रहा था। वहीं पुलिस ने बराड़ खेड़ा गांव निवासी रमेश के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।