झज्जर। शहर में मंगलवार सुबह हुई तेज बारिश के बाद जलभराव की स्थित बन गई। मंगलवार को बारिश रुकने के बाद दोपहर बाद को डीसी वर्षा खांगवाल एक बार फिर फील्ड में उतरी और जलभराव वाले क्षेत्रों का निरीक्षण किया। उन्होंने जन स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों से पूछा कि बार-बार शहर में सीवरेज ओवरफ्लो क्यों हो रहे हैं। इसका जवाब अधिकारियों से देता नहीं बना। डीसी वर्षा खांगवाल ने मंगलवार को बरसात के उपरांत डीएमसी एवं एडीसी जगनिवास व नगर परिषद चेयरमैन जिले सिंह सैनी के साथ शहरी निकाय व जन स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों सहित झज्जर शहरी क्षेत्र में जल निकासी प्रबंधों का जायजा लेते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश संबंधित विभागीय अधिकारियों को दिए। उन्होंने आंबेडकर चौक पर जलनिकासी प्रबंधों में पर्याप्त उपकरणों का प्रयोग करते हुए जलभराव न होने देने के आदेश दिए। साथ ही अन्य संभावित जलभराव वाले स्थानों को चिन्हित करते हुए वहां विभागीय अधिकारियों एवं कर्मचारियों की तैनाती सुनिश्चित करने के आदेश दिए गए। डीसी ने कहा कि बरसात के बाद जलभराव वाले क्षेत्रों से पानी की शीघ्र निकासी सुनिश्चित की जाए ताकि आमजन की आवाजाही, यातायात और दैनिक गतिविधियां प्रभावित न हों। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जलभराव वाले स्थानों पर पहले से आवश्यक संसाधन उपलब्ध रखें और जरूरत पडऩे पर तत्काल कार्रवाई करें। उन्होंने कहा कि बरसात के बाद ज्यादा देरी तक सडक़ों अथवा गलियों में जलभराव न हो इसका विशेष ध्यान रखा जाए। उन्होंने कहा कि प्रशासन का उद्देश्य मानसून के दौरान नागरिकों को किसी प्रकार की असुविधा से बचाना है। इसके लिए संभावित जलभराव वाले स्थानों की लगातार निगरानी के साथ-साथ वहां त्वरित प्रतिक्रिया की व्यवस्था सुनिश्चित की जा रही है। कंट्रोल रूम 24 घंटे एक्टिव, हेल्पलाइन नंबर जारी डीसी ने बताया कि मानसून के दौरान किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए लघु सचिवालय, झज्जर में 24 घंटे कंट्रोल रूम स्थापित किया गया है। नागरिक किसी भी जलभराव या संबंधित समस्या की सूचना 01251-254270 हेल्पलाइन नंबर पर दे सकते हैं। उन्होंने कहा कि प्राप्त शिकायतों पर त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।