बलम पिचकारी जो तूने मुझे मारी.... गाना जैसे ही बजा महिलाओं झूमने लगीं। मौका था नारी नारायणी फाउंडेशन की तरफ से होली के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम का। मंगलवार शाम को हुए कार्यक्रम में संस्था के सभी सदस्यों ने होली पर्व एक-दूसरे को गुलाल लगाकर मनाया और फूलों की होली खेली। संस्था की सभी महिलाओं ने हरियाणवी, हिंदी व पंजाबी गानों पर जमकर डांस किया और होली के भजन भी गाए। मिशिका और सीमा ने अपने डांस से सभी का मनोरंजन किया। रेखा ने पिया तोसे नैना लागे रे गाने पर अपनी प्रस्तुति दी। ममता चंद्राकर ने होली पर कविता सुनाई। फूलों और गुलाल लगाकर संस्था के सभी सदस्यों ने होली मनाई। संस्था की संचालिका ने बताया कि होली रंगों का त्योहार है तो इसे मिल कर सभी को साथ मनाना चाहिए। उन्होंने सभी को संदेश दिया कि होली खुशियों का पर्व है और इसे आपसी भाईचारे के साथ मनाना चाहिए। पूरे आयोजन के दौरान महिलाओं ने संगीत, नृत्य और भजनों के साथ जमकर आनंद लिया और होली के रंगों में सराबोर हो गईं।