फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

फतेहाबाद: सामाजिक मर्यादाओं के बंधन का यादगार पर्व है रक्षाबंधन: बीके विजया

ब्रह्माकुमारी सेंटर परिसर में रक्षाबंधन की पूर्व संध्या पर एक आध्यात्मिक कार्यक्रम आयोजित किया गया। जिसमें मुख्य अतिथि के रूप में सर्जन डॉ. मनोज गर्ग ने शिरकत की। इस दौरान जींद से पधारे ब्रह्मा कुमार भाई विजय ने इस कार्यक्रम की अध्यक्षता की। जींद सर्कल इंचार्ज मुख्य वक्ता बी. के. विजया दीदी ने बताया कि सामाजिक ताने-बाने से रक्षाबंधन की मर्यादा निरंतर टूटती जा रही है भौतिक ताकि चक्र कर ने इस पवित्र पर्व को धूमिल कर दिया है अब तो केवल औपचारिकता निभाई जाने लगी है। हमें भाषा, भेद, जाती, वर्ण, रंग और धर्म की दीवारों से ऊपर उठकर बुराइयों से स्वयं की और दूसरों की रक्षा का संकल्प मजबूत करना चाहिए। निमित्त बहन वंदना ने कहा कि वास्तव में इस पर्व के पीछे केवल शारीरिक रक्षा का सवाल नहीं है बल्कि संकल्पो के बंधन का भाव समाया हुआ होता है। रक्षा का अर्थ केवल सुरक्षा से नहीं है बल्कि धर्म रक्षा से है और आत्मा का धर्म है- शांति और पवित्रता जिसकी हमें रक्षा करनी है। आज के समाज में नारी सशक्त है, सुशिक्षित है, परंतु आज रक्षा की आवश्यकता है- सत्य को, प्रेम को, न्याय को और प्रकृति को। इसलिए हमें इनकी रक्षा का संकल्प अवश्य लेना है। बी.के. कौशल्या तथा अमिता बहन ने आए हुए सभी अतिथियों का स्वागत अभिनंदन किया। कुमारी मिस्टी एवं डॉल्फिन स्कूल के बच्चों ने अपने भावपूर्ण नृत्य और स्वागत नृत्य से दर्शकों का मन मोह लिया। ब्रह्माकुमारी मीना और मोक्ष ने भी इस अवसर पर 'इसे समझो ना रेशम का तार भैया' गीत पर आकर्षित आकर्षक प्रस्तुति दी उमेश भाई ने 'मेरे बाबा प्यारे बाबा' गीत गाया। अंत में सभी ईश्वरीय संतानों को रक्षा सूत्र बांधा गया। इस अवसर पर प्रेम प्रकाश शास्त्री, मास्टर सोमनाथ अरोड़ा रामकुमार सैनी एम.सी., गुरपाल नैन पत्रकार, धर्मपाल नैन, एडवोकेट राजकुमार गर्ग, बृजेश पाहवा, सुरेश भूटानी, मास्टर जगदीश, बंसी रामकुमार, मंजू पाहवा, डॉ. शिव सचदेवा, डॉ. अशोक तनेजा रामलाल पाहवा आदि गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।

विज्ञापन

Latest

Recommended

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
AU ऐप में पढ़ें