करोलबाग थाना पुलिस ने कागज के कतरन को नोट का बंडल बताकर ठगी करने वाले गैंग का खुलासा किया है। पुलिस ने गैंग के सरगना असलम सहित चार बदमाशों को गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तार तीन अन्य बदमाशों की पहचान इबरार, सुलेमान और आशिक खान के रूप में हुई है। सभी जेजे कॉलोनी बवाना के रहने वाले हैं। पुलिस ने बदमाशों के कब्जे से मोबाइल फोन और वारदात में इस्तेमाल ईको वैन बरामद कर ली है। मध्य जिला पुलिस उपायुक्त अनंत मित्तल ने बताया कि 16 फरवरी को करोलबाग थाना पुलिस को गंगा राम अस्पताल के पास लूटपाट की शिकायत मिली। मौके पर मिले पीड़ित ग्रेटर नोएडा निवासी सोनल कुमार के सिर में चोट लगी थी। पुलिस ने उसे तुरंत गंगाराम अस्पताल में भर्ती कराया। पीड़ित ने बताया कि वह शॉपिंग करने करोलबाग आए थे। मार्केट से कपड़े खरीदने के दौरान 25 साल का अनजान युवक मिला। वह मार्केट बंद होने के बारे में पूछा और फिर पीछे पीछे चलने लगा। बाद में एक और युवक आ गया। उसने बताया कि वह मालिक का पैसा चुराकर लाया है। उसका बैंक में खाता नहीं है। उसने पैसा जमा करने में मदद करने के लिए कहा। उन्होंने एक बैग में रखे नोटों का बंडल दिखाया। वह वहां से जाने लगे। दोनों आरोपी उसका पीछा करने लगे। फिर आरोपियों ने अस्पताल के पास टूटी दीवार की तरफ धकेल कर हाथापाई की और सिर पर ईंट से वार कर आईफोन लूटकर भाग गए। पुलिस ने लूटपाट का मामला दर्ज कर लिया। पुलिस की एक टीम ने घटनास्थल के आस पास के सीसीटीवी कैमरे की जांच की। इसमें पता चला कि वारदात में ईको वैन का इस्तेमाल किया गया है। फिर पुलिस ने 32 किलोमीटर तक दो सौ सीसीटीवी कैमरे की जांच और पीड़ित के मोबाइल में डाले गए सिम की तकनीकी जांच से जेजे कॉलोनी बवाना पहुंची, लेकिन बदमाश वहां से भाग गए। तकनीकी जांच से पुलिस को पता चला कि बदमाश पीतमपुरा में किसी वारदात को अंजाम देने आए हैं। पुलिस की टीम ने तुरंत वहां दबिश देकर चारों बदमाशों को पकड़ लिया। पूछताछ में पता चला कि गैंग का सरगना असलम है। बदमाशों ने बताया कि पहले नकली नोट का बंडल लेकर ठगी को अंजाम देते हैं। कामयाब नहीं होने पर लूटपाट को अंजाम देते थे