फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

ग्रेटर नोएडा में कर्नाटक के राज्यपाल थावरचंद गहलोत, बोले- सफलता के साथ संवेदनशीलता भी बेहद जरुरी

सफलता के साथ संवेदनशीलता भी बेहद जरुरी है। कई बार सफलता के चक्कर में हम संवेदनशीलता ही भूल जाते हैं। हमें संवेदनशीलता रखनी होगी। जरुरतमंदों की मदद के लिए आगे आना होगा। युवाओं की ऊर्जा और आकांक्षाओं से भारत भरा हुआ है। 21वीं सदी भारत की सही होने जा रही है। इसका नेतृत्व बच्चों आपको ही करना है। यह बातें कर्नाटक के राज्यपाल थावरचंद गहलोत ने इकोटेक 11 स्थित उमा पब्लिक स्कूल के रजत जयंती समारोह में कही। उन्होंने कहा कि शिक्षा जीवन का सबसे बड़ा उपहार है। शिक्षा हमें रोजगार के साथ सामाजिकता भी सिखाती है। विद्यालय व अभिभावकों के बीच समन्वय जीतना मजबूत होगा। बच्चों के बीच रिश्ते उतने ही गहरे होंगे। उन्होंने कहा कि प्राचीन काल से भारत बौद्धिक संपदा का धनी रहा है। विश्व की सबसे पुरातन सभ्यता भारत की ही है। उन्होंने कहा कि ज्ञान व विज्ञान की परंपरा को साथ लेकर भारत तेजी के साथ आगे बढ़ रहा है। भारत को विकसित देश बनने से अब कोई रोक नहीं सकता है। उन्होंने कहा कि वैदिक काल से लेकर भारतीयों ने हर क्षेत्र में अतुलनीय ज्ञान अर्जित किया है। उन्होंने कहा कि हमें यह कभी भी नहीं भूलना चाहिए कि हमारी संस्कृति भारतीय ज्ञान परपंरा में निहित है। गुरु शिष्य परपंरा,वसुधैव कुटुंबकम के साथ ही हमें आगे बढ़ना होगा। कार्यक्रम में सीनियर विंग के छात्राओं ने शिव थीम के अंतर्गत शिव के विविध रूपों गणेश वंदना, बम- बम महादेव, हर हर महादेव ,आदि योगी, नटराज ,देवों के देव महादेव, पिया घर आएंगे आदि गीतों के द्वारा प्रस्तुति दी। राज्यपाल थावरचंद गहलोत ने छात्राओं की प्रतिभा,अनुशासन और सांस्कृतिक धरोहर के प्रति निष्ठा की सराहना की। सर्वश्रेष्ठ छात्रों को मेडल व प्रशस्ति पत्र आदि देकर पुरस्कृत किया। इस मौके पर विद्यालय की संस्थापिका संतरा देवी, चेयरमैन विपिन भाटी, प्रबंधक सचिन चौधरी, डायरेक्टर प्रिंसिपल कविता चौधरी एवं प्रिंसिपल संजय शर्मा आदि मौजूद रहे।

विज्ञापन

Latest

Recommended

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
AU ऐप में पढ़ें