नकाबपोश बाइक सवार दो बदमाशों ने पार्षद के दफ्तर पर दिनदहाड़े फायरिंग कर सनसनी फैला दी। छर्रा लगने से एक युवक घायल हो गया। घटना की सूचना मिलते ही सीओ और इंस्पेक्टर ने मौके पर पहुंचकर जानकारी ली। पुलिस ने सीसीटीवी खंगाले तो बाइक सवार बदमाश कैद हो गए। पुलिस फुटेज के आधार पर बदमाशों की तलाश कर रही है। वहीं, अब तक फायरिंग करने के कारणों का पता नहीं चल पाया है।
गंगनहर कोतवाली क्षेत्र स्थित गणेशपुर की पार्षद स्वाती तोमर का दफ्तर है। दफ्तर पर अधिकतर उनके पति कुलदीप तोमर बैठते हैं। शुक्रवार को भी कुलदीप तोमर कार्यालय पर बैठे थे। उनके साथ दीपक चंचल, दीपक, राजन और विनय शर्मा भी बैठे थे। करीब पौने दो बजे कुलदीप तोमर किसी काम से घर चले गए। करीब साढ़े तीन बजे एक बाइक पर नकाबपोश दो युवक दफ्तर के बाहर पहुंचे। एक युवक ने दफ्तर की खिड़की पर फायरिंग कर दी जिससे छर्रे विनय शर्मा के हाथ में जा लगे। फायरिंग होने से दफ्तर में बैठे लोगों में भगदड़ मच गई। फायरिंग करने के बाद बदमाश मौके से फरार हो गए। फायरिंग की आवाज सुनकर आसपास के लोगों की मौके पर भीड़ जमा हो गई। सूचना मिलते ही कुलदीप तोमर आननफानन में मौके पर पहुंचे और जानकारी ली। साथ ही घटना की सूचना पुलिस को दी गई। सूचना मिलते ही सीओ विवेक कुमार, इंस्पेक्टर ऐश्वर्य पाल समेत पुलिसकर्मी मौके पर पहुंचे और जानकारी ली। पुलिस ने सीसीटीवी कैमरे चेक किए तो बाइक सवार भागते हुए नजर आए। सीओ ने कुलदीप तोमर और दफ्तर में बैठे लोगों से घटना के संबंध में जानकारी ली। इस पर सभी ने बताया कि उनकी किसी से कोई दुश्मनी नहीं है और न ही उन्हें गोली चलाने के कारणों की जानकारी है। वहीं, मामले में दीपक चंचल की ओर से पुलिस को तहरीर दी गई है। इंस्पेक्टर ऐश्वर्य पाल ने बताया कि तहरीर के आधार पर दो अज्ञात बदमाशों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। बाइक के आधार पर बदमाशों की तलाश की जा रही है। अब तक फायरिंग करने के कारणों का पता नहीं चल पाया है।
छिपा रखा था बाइक का नंबर
पार्षद के दफ्तर पर फायरिंग करने वाले बदमाशों ने बाइक के आगे और पीछे नंबर प्लेट पर लिखे नंबर को छिपाया हुआ था। पुलिस ने सीसीटीवी कैमरे की जांच की तो इसका पता चला। वहीं, पुलिस फायरिंग मामले में कई बिंदुुओं पर बारीकि से जांच की जा रही है। उधर, घटना की सूचना मिलते ही सीआईयू की टीम ने भी मौके पर पहुंचकर साक्ष्य जुटाए। साथ ही आसपास के लोगों से घटना की जानकारी ली।
पार्षद पति या और कोई था निशाना, संशय बरकरार
गणेशपुर में पार्षद के दफ्तर पर फायरिंग की घटना को लेकर संशय बरकरार है। कयास लगाए जा रहे हैं कि बदमाशों के टारगेट पार्षद पति थे या दफ्तर में बैठे अन्य लोगों में से कोई एक था। मामले में अब तक कोई कारण सामने नहीं आने पर पुलिस के लिए भी फायरिंग की घटना अनसुलझी पहेली बनी हुई है। पुलिस पार्षद पति और दफ्तर में बैठे लोगों से गहनता से पूछताछ कर रही है।
शुक्रवार दोपहर बाइक सवार दो बदमाशों के पार्षद के दफ्तर की खिड़की पर फायरिंग करने की घटना ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। सवाल उठ रहे हैं कि बदमाशों की फायरिंग करने के पीछे क्या मंशा रही होगी। उन्हें किसी को टारगेट बनाना ही था तो उन्होंने दफ्तर के गेट या अंदर घुसकर फायरिंग क्यों नहीं की। इतना ही नहीं उनके निशाने पर पार्षद पति थे या दफ्तर के अंदर बैठे लोगों में से कोई एक। सवाल यह भी है कि ऐसा तो नहीं है कि बदमाशों को धोखा हो गया हो और वह टारगेट किसी दूसरे कार्यालय को बनाने आए हों और गलती से उन्होंने पार्षद के कार्यालय पर फायरिंग कर दी। सवाल यह भी है कि बदमाशों का मकसद केवल दहशत फैलाना ही तो नहीं था। बहरहाल, अभी फायरिंग मामले में संशय बरकरार है और पुलिस इन तमाम सवालों के जवाब तलाशने के साथ ही जांच कर रही है कि मामला कोई पुरानी रंजिश से तो जुड़ा नहीं है। कोतवाली प्रभारी ऐश्वर्य पाल ने बताया कि मामले में हर बिंदु पर बारीकि से जांच की जा रही है। जल्द ही घटना का खुलासा किया जाएगा।