ज्योलीकोट (नैनीताल)। ग्राम पंचायत चोपड़ा के दांगड़ गांव में तेंदुए का आतंक बना हुआ है। तीन दिन पहले पांच वर्षीय बच्ची पर हमले के बाद शुक्रवार शाम महिला के सामने से तेंदुए निकल गया। गनीमत रही कि महिला बाल-बाल बच गई। घटना से ग्रामीणों में दहशत का माहौल है।
पूर्व प्रधान जीवन चंद्र ने बताया कि शुक्रवार शाम पुष्पा जीना पत्नी चंदन सिंह घास काटने के लिए जा रही थीं। घर से 50 मीटर आगे ही अचानक तेंदुआ उनके सामने आ गया। महिला के शोर करने पर तेंदुआ जंगल की ओर भाग गया। घटना के बाद से गांव में दहशत का माहौल है। इससे पहले दोपहर एक बजे के आसपास गांव के निचले हिस्से में भी तेंदुए को देखा गया था। उप रेंज अधिकारी आनंद लाल ने मौके पर पहुंचकर घटना की जानकारी ली। कहा कि हरीश धामी के साथ अन्य शिकारियों की तैनाती के प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने सतर्कता बरतने, अकेले बाहर न निकलने और बच्चों पर ध्यान देने की अपील की है। दो महीने में तेंदुआ दो बालिकाओं को निवाला बना चुका है। जनप्रतिनिधियों और ग्रामीणों ने वन विभाग से आदमखोर तेंदुए को मारने की मांग की है।