परेशान होकर अपने बेटे के साथ दोनों के कमरे पर पहुंचा तो एक लड़का मिला। उससे पूछताछ की तो पता चला कि दोनों आए थे और स्कूटी की चाबी, अपना मोबाइल देकर लौट गए। दोनों एक बैग भी लिए हुए थे। लड़के ने बताया कि दोनों ने अपने मोबाइल का सिम तोड़कर फेंक दिया है।
सराफा कारोबारी नरसिंह अग्रवाल ने पुलिस को बताया कि हर्ष सोनी पिछले चार वर्ष से दुकान पर काम करता था। छह महीने पहले ही हर्ष ही दीपक को काम पर लाया था। दीपक सैकड़ों बार बैंक में पैसा जमा कर चुका है। पैसा निकालकर लाता भी था। जब से दुकान खुली है, तब से वह काम पर था। उस पर पूरा विश्वास जमा हुआ था।
बिहार के हाजीपुर का रहने वाला हर्ष सोनी और बिहार के मधुबनी निवासी दीपक झा दोनों लंबे समय से सिगरा क्षेत्र में ही रहते हैं। हर्ष की पढ़ाई भी वाराणसी से ही हुई है। उसके पिता की मौत हो चुकी है। गांव में उसकी मां रहती हैं। दोनों का आधार कार्ड समेत अन्य आईडी लेकर नौकरी पर रखा था। इससे पहले सिगरा थाने की पुलिस सीमा विवाद में भी उलझी रही।
सिगरा इंस्पेक्टर राजू सिंह ने कहा कि दोनों की गिरफ्तारी को लेकर टीमें गठित की गई हैं। सिटी कमांड सेंटर से सीसी कैमरे खंगाले जा रहे हैं। मोबाइल का सीडीआर भी खंगाला जा रहा है कि पूर्व में किससे-किससे उनकी बातें हुई हैं।
26 सितंबर को चौक थाना क्षेत्र के सराफा मंडी ठठेरी बाजार से 35 लाख का 752 ग्राम सोना लेकर कर्मचारी फरार हो गया था। हालांकि कमिश्नरेट पुलिस ने आरोपी कर्मचारी अनिल को गिरफ्तार कर लिया था और 750 ग्राम सोना भी बरामद किया था। महमूरगंज स्थित बिरदोपुर निवासी पीयूष जैन ने 27 सितंबर 2022 को मुकदमा दर्ज कराया था।