चोरी के आरोप में दलित अधेड़ महिला को निर्वस्त्र कर पीटा गया, इससे भी कुछ हासिल नहीं हुआ तो महिला के निजी अंगों पर गरम लोहा दागा गया। वह दर्द के मारे कराहती रही लेकिन दरिंदों पर कोई प्रभाव नहीं पड़ा।
मानवता को शर्मशार और हैवानियत की सारी हदें पार करने वाली यह घटना यूपी के जौनपुर में घटी है। घटना का खुलासा रविवार को महिला की हालत खराब होने पर हुआ। अभी वह जौनपुर जिला अस्पताल में जिंदगी और मौत से जंग लड़ रही है।
पुलिस इस मामले में पहले तो टालमटोल करती रही बाद में पीड़ित की तहरीर पर पुलिस ने चार के खिलाफ मारपीट का केस दर्ज किया और दो लोगों को गिरफ्तार किया।
सरायख्वाजा थाना क्षेत्र के एक गांव की 55 वर्षीय महिला अपनी ममेरी बहन धनरा देवी के बेटे किशन की शादी में शामिल होने बांकी गांव गई थी। शादी 27 मई को थी। शादी बीतने के बाद वह पास के ही दूसरे गांव में अपनी बहन के घर चली गई। वहां से 29 मई को अपने घर लौट गई।
इसी बीच जिसके घर वह शादी में गई थी, उसके यहां से गहने चोरी हो गए। इसका संदेह फुफेरी बहन पर ही था। गांव के कुछ लोग 30 मई को महिला के घर गए और उसे किसी बहाने से बुलवाकर बांकी ले आए। उससे कहा कि सोने की चेन, मांगटीका, नथिया और चांदी की करधनी चोरी हो गई है।
सोखा ने बताया है कि तुमने ही चोरी की है। चुपचाप गहने दे दो नहीं तो अंजाम भुगतना पड़ेगा। महिला ने गहने चुराने से इनकार किया तो परिवार वालों ने उसकी पिटाई की।