शाहजहांपुर। शहर में उत्साही युवकों का एक ऐसा समूह है, जो रक्तदान कर दूसरों की जिंदगी को बचाने के लिए हर समय तैयार रहता है। करीब 100 युवाओं के समूह का रक्त एक नहीं, बल्कि अनगिनत लोगों की रगों में दौड़ रहा है।
खून की जरूरत पड़ने पर जब करीबी ही हाथ पीछे खींच लेते हैं, ऐसे मुश्किल समय में ये लोग आगे आते हैं।
कोरोना के समय नगर के युवकों ने जरूरतमंदों की मदद के लिए हेल्पिंग ग्रुप बनाया था। ग्रुप के माध्यम से जरूरतमंदों तक खाना, दवा पहुंचाने जैसे काम किए गए। कोरोना की रफ्तार मंद पड़ने के बाद युवाओं ने लोगों की मदद करना बंद नहीं किया, बल्कि मदद का अंदाज बदल दिया। अब युवा रक्तदान कर लोगों की जान बचाने में जुटे हुए हैं। फाजिल रियाज, अहमद सफवान, सलमान पठान, मुनीब अंसारी, डॉ.फरहान, डॉ.फैजान, नदीम अंसारी, रितेश कुमार, अपूर्व वाजपेयी आदि लोग इस ग्रुप में शामिल हैं। नेतृत्व शिक्षक फैसल रियाज करते हैं। फैसल बताते हैं कि जब किसी को रक्तदान की जरूरत पड़ती है तो व्हाट्सएप ग्रुप हेल्पिंग हैंड पर मैसेज डालते हैं, साथ ही व्हाट्सएप पर स्टेट्स लगाकर देते हैं। इसके बाद एक्टिव मेंबर, कॉलेज के छात्र या रिश्तेदार खून देने के लिए पहुंचते हैं। इस वर्ष में अभी तक करीब 35 लोगों को खून देकर जिंदगी बचा चुके हैं।
ब्लड कैंसर की मरीज बालिका को दिया था 23 यूनिट खून
-गत वर्ष जलालाबाद की एक बालिका को ब्लड कैंसर होने की जानकारी फैसल के पास आई थी। उस समय बालिका को 23 यूनिट रक्त दिया था। हालांकि, लड़की की जान नहीं बचाई जा सकी थी।
डॉक्टरों के पास नंबर, जरूरत पर करते कॉल
-युवाओं के नंबर अधिकतर लोगों के पास में हैं। राजकीय मेडिकल कॉलेज के कई डॉक्टर भी युवाओं के संपर्क में रहते हैं। जब किसी को खून की जरूरत होती है तो डॉक्टर सीधे युवाओं से संपर्क साधते हैं।
14 जून को अमर उजाला लगाएगा रक्तदान शिविर
विश्व रक्तदाता दिवस के अवसर पर 14 जून को अमर उजाला फाउंडेशन की ओर से राजकीय मेडिकल कॉलेज में रक्तदान शिविर का आयोजन किया जाएगा। शिविर में लोग रक्तदान कर दूसरों की जान बचाने में अपना योगदान दे सकते हैं।