गलत जानकारी देने पर दो कंपनियों पर लगा ढाई लाख जुर्माना
मुजफ्फरनगर। विधिक माप विज्ञान विभाग ने अमेजॉन इंडिया सेलर्स सर्विसेज प्राइवेट लिमिटेड पर दो अलग-अलग मामलों मे दो लाख रुपये एवं महाराष्ट्र सरकार द्वारा संचालित कंपनी द महाराष्ट्र एग्रो इंडस्ट्रीज डेवलपमेंट कार्पोेरेशन लिमिटेड पर 50 हजार रुपये का शमन शुल्क लगाया गया, जो संबंधित कंपनियों ने जमा कराया है।
विधिक माप विज्ञान विभाग के वरिष्ठ निरीक्षक हरीश कुमार प्रजापति ने बताया कि अमेजॉन द्वारा जुलाई माह में प्रकाशित कराये गये दो अलग-अलग विज्ञापनों में विधिक माप विज्ञान अधिनियम 2009 के प्रावधानों का उल्लंघन करते हुए मूल्य के साथ वस्तु की निश्चित व पर्याप्त मात्रा नहीं दर्शायी गई। विज्ञापन में मूल्य के साथ वस्तु की निश्चित घोषणा न करना अधिनियम की धारा 18 का उल्लंघन है और दंडनीय अपराध है।
हरीश कुमार प्रजापति ने बताया, दूसरे मामले में महाराष्ट्र की कंपनी द्वारा गुलाब सीरप का अमानक पैक 700 मिली पैक कर बेचने पर कार्रवाई की गयी। इस मामले में कंपनी के अन्य उत्पाद आरेंज शेक का आर्डर किया गया था, किंतु विक्रेता द्वारा आर्डर से अलग पैकेज बेचा गया। ये ही नहीं, इस बेचे गए पैक पर अंकित घोषणा मूल्य व पैकिंग तिथि को मिटाया गया था। कंपनी ने सूचना दी कि विगत एक वर्ष मे उनके द्वारा संबंधित विक्रेता को यह उत्पाद बेचा ही नहीं गया है। इसके लिए विक्रेता के विरुद्ध अलग से कार्रवाई की जा रही है। दोनों कंपनियों के आवेदन पर सहायक नियंत्रक विधिक माप विज्ञान सहारनपुर संभाग स्वाति कौशिक द्वारा कंपनी एवं कंपनी के सभी डायरेक्टर्स को दोषी मानते हुए नियमानुसार शमन शुल्क निर्धारित किया गया, जिसे कंपनी द्वारा जमा करा दिया गया है।