हाईवे के चार लुटेरे मुठभेड़ में गिरफ्तार
मुजफ्फरनगर। हाईवे पर राहगीरों को कार में लिफ्ट देकर उनके साथ लूटपाट करने वाले चार लुटेरों को पुलिस ने मुठभेड़ में गिरफ्तार किया है। मेरठ व हापुड़ निवासी चारों लुटेरे एमबीए, मेकेनिकल इंजीनियर व इंटर पास हैं, जो खर्च पूरे करने के लिए लूट की वारदात को अंजाम देते थे।
नई मंडी थाना पुलिस ने शुक्रवार देर रात दिल्ली-दून हाईवे पर जानसठ रोड फ्लाईओवर के पास संदिग्ध वैगन-आर को रोकने का प्रयास किया, जिस पर कार सवार युवकों ने फायरिंग करते हुए भागने का प्रयास किया। इस पर पुलिस ने घेराबंदी कर आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। जिनके पास से वैगन-आर के साथ ही दो मोबाइल, 36 हजार 800 की नकदी, तीन तमंचे-कारतूस बरामद किए गए। इंस्पेक्टर अनिल कपरवान ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों में मेरठ जनपद के भावनपुर थाना क्षेत्र के गांव रसूलपुर औरंगाबाद निवासी जितेंद्र, जानी थाना क्षेत्र के गांव कुराली निवासी सचिन चौहान व अभिषेक और जनपद हापुड़ के पिलखवा थाना क्षेत्र के गांव बड़ौदा हिंदूबान निवासी विपिन तोमर शामिल हैं।
पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वे हाईवे पर अपनी कार में राहगीरों को लिफ्ट देकर उनसे लूटपाट कर फरार हो जाते थे। इंस्पेक्टर क्राइम सुशील सैनी ने बताया कि पकड़े गए चारों आरोपी पढ़े-लिखे हैं। इनमें अभिषेक ने एमबीए, सचिन चौहान ने पॉलीटेक्निक, विपिन तोमर ने आईटीआई और जितेंद्र ने इंटरमीडिएट की हुई है। चारों आरोपियों ने अपने खर्च पूरे करने के लिए लूटपाट की घटनाओं को अंजाम देते थे। पूछताछ के बाद आरोपियों को जेल भेज दिया गया है।
प्रेमिकाओं के खर्च पूरे करने को बन गए लुटेरे
हाईवे पर लिफ्ट देने के बहाने राहगीरों से लूटपाट करने वाले चारों युवकों के खिलाफ इससे पहले कोई मुकदमा फिलहाल जांच में नहीं आया है। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि उन सभी की प्रेमिकाएं हैं। वहीं, इंटर पास जितेंद्र की तो दो-दो गर्लफ्रेंड हैं। सभी आरोपी प्रेम-संबंध बनाए रखने के लिए अपनी प्रेमिकाओं पर जमकर खर्च करते थे। जिसके चलते नौकरी करने के बावजूद उनके खर्च पूरी नहीं हो पा रहे थे। इसी के चलते आरोपियों ने राहगीरों से लूटपाट की राह चुन ली।