मेरठ में कांग्रेस कार्यालय में प्रेस वार्ता करते जिला अध्यक्ष अवनीश काजला
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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कृषि कानून को वापस लेने के एलान के बाद कांग्रेस ब्लॉक और मुख्यालय स्तर पर विजय दिवस मना रही है। पदाधिकारी गांव-गांव जाकर सभा कर रहे हैं। वहीं, कांग्रेस की नीतियों को जन-जन तक पहुंचाने का आह्वान किया गया है।
मेरठ में बुढ़ाना गेट स्थित कांग्रेस कार्यालय में प्रेस वार्ता में बोलते हुए जिलाध्यक्ष अवनीश काजला ने बताया कि ये फैसला अन्नदाताओं की जीत है। प्रियंका और राहुल गांधी हमेशा किसानों के पक्ष में सरकार से जवाब मांगते रहे। जिला प्रभारी और प्रदेश सचिव नसीम खान ने कहा कि 700 किसानों ने अपनी शहादत दी लेकिन, प्रधानमंत्री ने संसद में कभी मौन नहीं रखा। कांग्रेस पार्टी ने सरकार को उखाड़ने का लक्ष्य तय किया है।
उन्होंने कहा कि आंतरिक सर्वे में भाजपा को यूपी में सत्ता से बाहर होने का डर सताने लगा। इसके बाद ही प्रधानमंत्री ने आनन-फानन में ये एलान किया है। इस मौके पर महानगर अध्यक्ष जाहिद अंसारी, संगठन प्रभारी अनिल शर्मा, प्रवक्ता हरिकिशन अम्बेडकर आदि मौजूद रहे।
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एक-दो दिन में रैली तिथि फाइनल
वहीं, मेरठ में रास्ट्रीय महासचिव प्रियंका गांधी की होने वाली रैली के लिए एक-दो दिन में तिथि फाइनल हो जाएगी। हालांकि, 30 नवंबर रैली की प्रस्तावित तिथि है। कांग्रेस पदाधिकारियों का कहना है कि वाराणसी और गोरखपुर की तरह एतिहासिक रैली आयोजित की जाएगी।
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