आईआईएमटी विश्वविद्यालय पहुंचे चिली के राजदूत ने छात्रों से किया संवाद
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मेरठ के गंगानगर में चिली के राजदूत जुआन अंगुलो और तीसरी सेकेट्री अमरंत वंदेपरे ने आईआईएमटी विश्वविद्यालय पहुंचकर छात्रों से संवाद किया। छात्रों के साथ अपने देश और भौगोलिक परिस्थितियों को साझा करते हुए राजदूत जुआन ने छात्रों के सवालों के जवाब भी दिए। भारत को 73 साल पुराना दोस्त बताते हुए राजदूत ने बताया कि भारत के साथ सभी क्षेत्रों में व्यापार और शिक्षा के जगत में रिश्तों को और आगे बढ़ाने की जरूरत है।
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शिक्षिका एकता शर्मा ने छात्रों को चिली की भौगोलिक और संस्कृति का परिचय देते हुए राजदूत और थर्ड सेक्रेटरी का स्वागत किया। राजदूत जुआन अंगुलो ने छात्रों से संवाद करते हुए चिली में हालिया दौर में विश्व स्तर पर जारी सियासी बदलावों पर प्रकाश डाला। उन्होंने नए राष्ट्रपति गेब्रियल बोरिक की प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि भारत चिली का 73 साल पुराना दोस्त है। 1947 में भारत आजाद हुआ था और 1949 में ही भारत में चिली का दूतावास बना दिया गया था। भारत के साथ चिली के व्यापारिक संबंधों को गहराई से समझाते हुए जुआन अंगुलो ने दावा किया कि चिली हर कदम पर भारत का साथी रहा है।
उन्होंने बताया कि चिली भारत के साथ जीवन रक्षक दवाओं के क्षेत्र में व्यापारिक समझौता करना चाहता है। पत्रकारिता और बाकी विभागों के छात्रों ने उनसे सवाल पूछे।
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राजदूत ने विवि परिसर और शोध विभाग में जाकर इंक्यूबेटर का सर्वेक्षण भी किया। प्रो. वाइस चांसलर डॉ. सतीश बंसल ने राजदूत जुआन अंगुलो और काउंसिल अमरंद वंदे परे को स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया।