नहर से खनन कर काली कमाई करते हैं माफिया
नहर से सटे गांव के रहने वाले सुरेश,ब्यासमुनी, गोपाल, कमलेश आदि ने कहा कि बालू माफिया बीते काफी दिनों से बसुली नहर में सेमहना और अरदौना के बीच नहर से अवैध बालू की खनन कर काली कमाई कर रहे थे। क्योंकि राजस्व विभाग की टीम के ओर से पकड़ी गई ट्रैक्टर ट्रॉली और खनन स्थल इसकी कहानी बयां कर रही है।
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इसका उपयोग सरकारी कार्यों में धड़ल्ले से प्रयोग किया जा रहा है। बढ़ रही ठंड के साथ ही खनन माफियाओं का काला धंधा भी तेज रफ्तार पकड़ लिया था। हालांकि जब विभाग के जिम्मेदार सक्रिय होते हैं। तब कुछ दिनों के लिए खनन रुक जाता है। फिर चालू हो जाता है।
इतना ही नहीं नहरों की सफाई कराकर पटरियों पर रखी गई सिल्ट को भी माफिया बेच काली कमाई करते हैं। इन दिनों सूखी नहरें खनन माफियाओं के लिए वरदान साबित हो रही है। इन लोगों का माने तो खनन माफिया हर रोज नहर से 30 से 50 ट्रॉली बालू की खनन कर रहे थे।