काशी विश्वनाथ मंदिर में आतंकी हमले के इनपुट को लेकर शनिवार को मॉक ड्रिल कराया गया तो कमांडो, पीएसी, सीआरपीएफ एवं सिविल पुलिस के जवान पोजिशन नहीं ले पाए।
ऐसा तब हुआ जब पूरे शहर में आतंकी हमले की आशंका में पुलिस ने जगह जगह चेकिंग अभियान चलाया। वहीं डीएम एवं एसएसपी ने तीन मुख्य शिवमंदिरों की सुरक्षा व्यवस्था परखी।
खुफिया एजेंसियों ने महाशिवरात्रि पर शिवमंदिरों पर आतंकी हमले की आशंका जताई है।
जवानों ने की मॉक ड्रिल
खुफिया एजेंसियों के इनपुट को लेकर काशी विश्वनाथ मंदिर में सुरक्षा व्यवस्था परखने को शनिवार की शाम पांच बजे मंदिर का इमरजेंसी सायरन बजा तो दर्शनार्थी किसी अनहोनी की आशंका में भयभीत हो गये ।
उधर जब अपर पुलिस अधीक्षक (सुरक्षा) ने सुरक्षा को परखा तो गेट नंबर तीन रसी भवानी मंदिर गेट पर तैनात सीआरपीएफ एवं सिविल पुलिस के जवान ठीक से पोजीशन ही नहीं ले पाए।
जवानों ने ली पोजिशन
इसके बाद एएसपी सरस्वती गेट नंबर दो, हनुमान मंदिर, शनि देव चैनल पर पहुंचे वहां भी पीएसी एवं पुलिस के जवानों की पोजीशन ठीक नहीं थी। उन्हें ऐसा लगा जैसे कुछ हुआ ही नहीं है।
छत्रद्वार पर तैनात कमांडो भी दस मिनट बाद तक ठीक तरह से पोजिशन लेने में नाकामयाब रहे । सूत्रों की मानें तो कई पुलिसकर्मी तो अपनी पैंट एवं शर्ट ठीक करने एवं इधर उधर छिपने में जुट गए।
कई तो यह कहने लगे कि कोई बात नहीं मॉक ड्रिल है। खास बात यह है कि सायरन बजने के बाद रेड जोन से दर्शन करने वालों को सेफ जोन विश्वनाथ मंदिर, अक्षय वट, हनुमान मंदिर, अन्नपूर्णा मंदिर में अंदर नहीं किया सका।
शहर में पुलिस ने चलाया चेकिंग अभियान
आतंकी हमले की आशंका के इनपुट पर पुलिस ने एसपी सिटी के नेतृत्व में रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड, एवं भीड़ भाड़ वाले कई इलाकों में चेकिंग अभियान चलाया। इस दौरान संदिग्ध लोगों की चेकिंग एवं भीड़ भाड़ वाले इलाकों में सामानों को चेक किया गया।
चेकिंग में कुछ खास पुलिस के हाथ नहीं लग सका लेकिन ऐसा लगा कि शहर में कहीं कोई घटना हो गई हो। डीएम प्रांजल यादव एवं एसएसपी जोगेन्द्र कुमार मारकंडे महादेव, रामेश्वरम मंदिर, शूलत्रमकेश्वर मंदिर में जाकर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया।