चित्रकूट। जिले में रक्षाबंधन का त्योहार हर्षोल्लासपूर्ण माहौल में मनाया गया। बहनों ने भाइयों की कलाई में राखी बांधकर रक्षा का वचन लिया। सुबह से मिठाई व राखियों की दुकानों में भीड़ लगी रही। बस व ट्रेन फुल चलती रहीं और कई जगह संसाधन कम पड़ गए ।
भाई-बहन का त्योहार रक्षाबंधन के दिन सुबह से लड़कियों और महिलाओं ने नदी-तालाबों के किनारे पहुंचकर कजलिया विसर्जन किया। मंदिरों में भगवान को कजलिया अर्पण करने के बाद बहनों ने भाइयों के माथे पर तिलक लगाकर कलाई में रक्षासूत्र बांध रक्षा करने का संकल्प लिया। भाइयों ने भी बहनों को यथाशक्ति उपहार भेंटकर वचन निभाने का संकल्प लिया। इसी क्त्रस्म में तीर्थ क्षेत्र चित्रकूट के विधवा आश्रम की विधवाओं ने प्रमुख देवता कामतानाथ को राखी बांधकर त्योहार मनाया। मऊ, मानिकपुर, पहाड़ी, राजापुर, सीतापुर, भरतकूप, शिवरामपुर, सरैंया समेत पूरे जिले में त्योहार हर्षोल्लासपूर्ण माहौल में मनाया गया।
अवकाश के दिन डाक कर्मियों ने दी सेवाएं
चित्रकूट। डाक कर्मियों ने बहनों द्वारा भेजी गई राखी रजिस्टर्ड डाक से भेजी। जिसे डाक कर्मियों ने रविवार को भी खोज-खोज कर लोगों के घर तक पहुंचाया। पता चला है कि डाक विभाग ने रक्षाबंधन के त्योहार को देखते हुए रविवार को अवकाश को भी काम करने का आदेश दिया था।
जिला कारागार में बहनों ने बांधी राखी
चित्रकूट। जिला कारागार में रक्षाबंधन का पर्व मनाया गया। बहनो ने जाकर भाईयो के हाथो में राखी बांधी। मिष्ठान खिलाकर मुंह मीठा कराया। सकुशल रिहाई की कामना की। जेल अधीक्षक अशोक कुमार सागर ने बताया कि रक्षाबंधन को देखते हुए जेल परिसर के मिलाई वाले हाल में ही रोली चावल व जलपान का इंतजाम किया गया। बंदी भाई-बहन से राखी पर्व पर आये उनके परिजनों को मिलाया गया। इस दौरान सुरक्षा व जांच का ध्यान रखा गया।
Sisters tied Rakshasutra, brothers gave gifts- फोटो : CHITRAKOOT