परिषदीय विद्यालयों में छात्रों को मिलेगा शुद्ध पेयजल
बिजनौर। परिषदीय विद्यालयों में पढ़ने वाले छात्र-छात्राओं को अब शुद्ध पेयजल मिलेगा। बेसिक शिक्षा विभाग अब साल में दो बार स्कूल प्रांगण में खड़े इंडिया मार्का हैंडपंपों के पानी की गुणवत्ता की जांच कराएगा। इससे विद्यालयों में पढ़ने वाले छात्र संचारी रोग से दूर रहेंगे। पेयजल की जांच का कार्य अप्रैल माह के अंतिम सप्ताह से आरंभ कर दिया जाएगा।
जनपद में संचालित 2119 परिषदीय विद्यालय संचालित हैं, जिसमें करीब दो लाख छह हजार छात्र-छात्राएं शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं। इन सभी विद्यालयों में पढ़ने वाले छात्र-छात्राओं के लिए सभी विद्यालयों में इंडिया मार्का हैंडपंप लगे हुए हैं। अशुद्ध पानी पीने से विद्यार्थियों के संचारी रोगों की चपेट में आने का डर रहता है। शासन एवं बेसिक शिक्षा विभाग ने हर साल दो बार छह छह माह के अंतर से परिषदीय विद्यालयों में खड़े हैंडपंपों के पानी की जांच कराने का निर्णय लिया है। जांच में नलों का पानी सभी मानकों पर खरा नहीं उतरता है, तो हैंडपंप को सही कराया जाएगा। आवश्यकता पड़ने पर नल का रिबोरिंग या दूसरे स्थान पर लगाया जाएगा।
परिषदीय विद्यालयों में स्थापित सभी इंडिया मार्का हैंडपंपों के पानी की जांच कराई जाएगी। इसके लिए पानी जांच करने वाली टीमें विद्यालयों में जाएगी, जांच की रिपोर्ट कार्यालय एवं सभी विद्यालयों में उपलब्ध रहेगी। गर्मी का मौसम भी आ गया है, जल्द ही पानी की जांच करानी आरंभ कर दी जाएगी - जयकरन यादव, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी।