बांदा। बाहुबली विधायक और गैंगस्टर मुख्तार अंसारी की जिला जेल में मौजूदगी ने जेल की सुरक्षा को हाईटेक और बेमिसाल बना दिया है। शासन से जेल की निगरानी और पहरेदारी लगातार बढ़ती जा रही है।
कई जिले के तकरीबन 12 अतिरिक्त बंदी रक्षकों को तैनात करने के बाद अब जेल महानिदेशक ने प्रदेश के दूर-दराज जिलों वाली जेलों के पांच डिप्टी जेलरों की बांदा जेल में ड्यूटी लगाई है। एक अगस्त से एक-एक माह रोस्टरवार ड्यूटी करेंगे। बाहुबली विधायक और गैंगस्टर मुख्तार अंसारी पंजाब से लाए जाने के बाद बांदा जिला जेल में हैं।
प्रदेश की कुछ जेलों में हाल ही में हुई हिंसक और आपराधिक घटनाओं के बाद बांदा जेल में भी सुरक्षा व्यवस्था हाईटेक कर दी गई है। मुख्तार अंसारी की बैरक नंबर 15 में सुरक्षा और निगरानी बहुत कड़ी कर दी गई है। सीसीटीवी कैमरे लगे हैं। किसी से भी मुलाकात पर रोक है। अब एक और कदम उठाते हुए जेल महानिदेशक ने प्रदेश के पांच डिप्टी जेलरों को बांदा जेल की सुरक्षा व्यवस्था के सुचारु संचालन के लिए रोस्टरवार एक-एक माह की ड्यूटी लगा दी है।
कहा कि सभी को निर्देश दिए गए कि ड्यूटी पर लगाए गए डिप्टी जेलरों को उनके निर्धारित समय पर कार्यमुक्त करके नए ड्यूटी स्थल पर कार्यभार ग्रहण करने का निर्देश दें। उधर, जिला जेल के जेलर प्रमोद तिवारी का कहना है कि सभी बैरकों और परिसर में 24 घंटे सतर्कता के साथ निगरानी और सुरक्षा कर्मियों की ड्यूटी रहती है। सीसी कैमरे चालू हैं।
बताया कि मुख्तार अंसारी की बैरक में हर दो घंटे में डिप्टी जेलर जाकर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेते हैं। उधर, क्षमता से कहीं ज्यादा बंदी होने के बाद भी जेल में सृजित पदों के मुताबिक अधिकारी और बंदी रक्षकों की नियुक्ति नहीं है। मौजूदा में जेल में 1098 बंदी हैं, जो क्षमता से लगभग दोगुने हैं। उधर, पांच डिप्टी जेलर के स्थान पर सिर्फ दो डिप्टी जेलर हैं। हेड वार्डर के 13 पदों में 10 ही नियुक्त हैं। वार्डर 53 के सापेक्ष सिर्फ 34 तैनात हैं।
जेल में रोस्टरवार लगाए गए डिप्टी जेलर
रामचंद्र तिवारी (जिला कारागार, कानपुर नगर) एक अगस्त से 31 अगस्त तक, विकास कुमार (जिला कारागार, मेरठ) एक सितंबर से 30 सितंबर तक, राजेश कुमार (जिला कारागार, शाहजहांपुर) एक अक्तूबर से 31 अक्तूबर तक, अजय कुमार कुलवंत (जिला कारागार, हरदोई) एक नवंबर से 30 नवंबर तक और नीरज कुमार (जिला कारागार, खीरी) एक दिसंबर से 31 दिसंबर तक।
मुख्तार की बैरक में कड़ी पहरेदारी
मुख्तार अंसारी की बैरक में अन्य बैरकों की अपेक्षा ज्यादा पहरा और चौकसी है। अन्य बैरकों में दो बंदीरक्षकों की एक समय में ड्यूटी रहती है, जबकि मुख्तार की बैरक में एक हेड वार्डर और दो वार्डर ड्यूटी करते हैं। मुख्तार की मौजूदगी के मद्देनजर बाहरी जिलों से 12 बंदीरक्षक यहां ड्यूटी पर बुलाए गए हैं, जो ड्यूटी कर रहे हैं।
प्रदेश के कई नामवर आरोपी हैं जेल में
जेल में मुख्तार अंसारी के अलावा प्रदेश के कई नामवर आरोपी बंद हैं। चर्चित पूर्व विधायक ब्रह्मदत्त द्विवेदी हत्याकांड के आरोपी विजय सिंह (फर्रुखाबाद), पंजाब आर्मरी बांदा के लूटकांड के डकैती के आरोपी महाराष्ट्र के सुक्का पाशा और संजय और नोएडा का शार्पशूटर हत्याभियुक्त अनीस, गाजियाबाद का आरोपी रामलखन भी बांदा जेल में हैं।