- कृषि कानून रद्द कराने, चीनी मिल जल्द चलवाने, बकाया गन्ना भुगतान दिलवाने की भी मांग
संवाद न्यूज एजेंसी
बागपत। भारतीय किसान यूनियन और भारतीय किसान संगठन ने किसानों की विभिन्न मांगों और केंद्रीय गृह राज्यमंत्री अजय मिश्रा टेनी की बर्खास्तगी की मांग को लेकर मंगलवार को कलक्ट्रेट में धरना दिया। उन्होंने एडीएम को ज्ञापन सौंपा। यह मांग पूरी नहीं होने पर आंदोलन की चेतावनी दी गई।
भाकियू कार्यकर्ताओं ने कहा कि कृषि कानूनों के विरोध में किसान धरने पर बैठे हुए है, लेकिन सरकार कोई ध्यान नहीं दे रही है। इससे किसानों में सरकार के खिलाफ आक्रोश बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि तीन कृषि कानून को रद्द किया जाएं, एमएसपी पर कानूनी गारंटी दी जाएं, लखीमपुर खीरी में केंद्रीय गृह राज्यमंत्री अजय मिश्रा टेनी को बर्खास्त किया जाएं, ओलावृष्टि से नष्ट हुई फसल का मुआवजा दिलाने, आवारा पशुओं को पकड़कर गोशाला में छोड़ने, एक नवंबर से चीनी मिल चलवाने, किसानों का बकाया गन्ना भुगतान करने आदि मांगों का ज्ञापन एडीएम अमित कुमार को सौंपा। इसके साथ ही मांगे पूरी न होने पर आंदोलन करने की चेतावनी दी। इस दौरान जिलाध्यक्ष प्रताप गुर्जर, युवा जिलाध्यक्ष अविराज तोमर, रमाला चीनी मिल के पूर्व चेयरमैन रविंद्र मुखिया, राजवीर कंडेरा, विनय गूंगाखेड़ी, संजय, अनुज, उपेंद्र तोमर, हरेंद्र दांगी, रोहित चौधरी, बिल्लू कुमार, विजयपाल, धर्मदत्त शर्मा, तेजपाल सिंह, हिम्मत सिंह, बिजेन्द्र प्रधान, पिंटू चौधरी, कृष्णपाल सिंह, योगेन्द्र, राममेहर मलिक आदि मौजूद रहे।
भारतीय किसान संगठन ने प्रदर्शन कर ज्ञापन सौंपा
भारतीय किसान संगठन के जिलाध्यक्ष महीपाल सिंह, सचिव कृष्ण यादव, राकेश गुर्जर, राजेंद्र मास्टर, सूबेदार शीशपाल, सोनू आदि ने कलक्ट्रेट में पहुंचकर प्रदर्शन किया। जिलाध्यक्ष महीपाल सिंह ने कहा कि सरकार के खिलाफ किसानों में आक्रोश बढ़ता जा रहा है। सरकार को जल्द ही दिल्ली के बॉर्डर पर बैठे किसानों की मांग पूरी करनी चाहिए। लखीमपुर खीरी मामले में मंत्री अजय मिश्रा टेनी को बर्खास्त करने की मांग की गई तो गन्ने का बकाया भुगतान, मिल जल्द चलवाने आदि मांग की गई। इन सभी मांगों से संबंधित ज्ञापन डीएम को सौंपा गया।