गौरीगंज (अमेठी)। परिषदीय स्कूलों को सुविधाओं से लैस करने के लिए बेसिक शिक्षा विभाग 83 जर्जर स्कूल भवनों को ध्वस्त कराकर नए भवन का निर्माण कराएगा। विभाग की ओर से जर्जर भवनों को चिह्नित कर लोक निर्माण विभाग से नीलामी का मूल्यांकन व नए भवन निर्माण का प्रस्ताव तैयार कराया गया है। प्रस्ताव तैयार होने के बाद शासन से नए भवन निर्माण की अनुमति मांगते हुए धनावंटन करने का अनुरोध किया गया है।
बेसिक शिक्षा विभाग की ओर से जिले में 1,139 प्राथमिक, 234 उच्च प्राथमिक व 197 कंपोजिट स्कूल संचालित है। सभी परिषदीय स्कूलों को निजी स्कूलों की तर्ज पर शिक्षण व्यवस्था सुनिश्चित कराने के लिए ऑपरेशन कायाकल्प से स्कूलों को अवस्थापना सुविधा से लैस भी किया जा रहा है।
कोविड संक्रमण काल के बाद बेसिक शिक्षा विभाग जिले में संचालित परिषदीय स्कूलों के भवन की स्थिति का आकलन कराया तो 83 स्कूल भवनों के जर्जर होने की पुष्टि हुई। जर्जर भवनों के ध्वस्तीकरण के लिए बेसिक शिक्षा विभाग ने लोक निर्माण विभाग सेे मूल्यांकन कराकर भवनों की नीलामी कराते हुए प्राप्त राशि को विभाग के खाते में जमा कराने का निर्देश सभी बीईओ को दिया है।
मूल्यांकन के बाद नए भवन निर्माण के लिए स्थानीय दर पर अनुमानित आगणन तैयार कराकर शासन को भेज धनावंटन की मांग की गई है। शासन से निर्माण की मंजूरी मिलने तथा धनावंटन होने के बाद विभाग नियमानुसार मानक के अनुसार निर्माण कार्य पूरा कराएगा। जर्जर भवनों का निर्माण कार्य पूरा होने के बाद बच्चों व शिक्षकों को शिक्षण कार्य में सहूलियत मिलेगी।
अतिरिक्त कक्षों में हो रही पढ़ाई
जिले में चिह्नित 83 परिषदीय स्कूलों में पंजीकृत बच्चों को निर्मित अतिरिक्त कक्षों में शिक्षित किया जा रहा है। जर्जर भवन गिरने से कोई अनहोनी न हो इसके लिए बीईओ व प्रधानाध्यापक को किसी भी हाल में जर्जर भवनों के पास बच्चों को नहीं जाने देने तथा शिक्षण कार्य नहीं करने का निर्देश दिया गया है।
10.32 करोड़ रुपये की भेजी डिमांड
बेसिक शिक्षा विभाग के एमआईएस प्रभारी मनीष मिश्र ने बताया कि जिले में जर्जर 72 प्राथमिक स्कूल निर्माण के लिए प्रति स्कूल 11.42 लाख रुपये की दर से आठ करोड़ 22 लाख 24 हजार रुपये तो 11 उच्च प्राथमिक स्कूल के लिए 19.08 लाख रुपये की दर से दो करोड़ नौ लाख 88 हजार रुपये का प्रस्ताव शासन को भेजते हुए दस करोड़ 32 लाख 12 हजार रुपये की डिमांड की गई है। अधिकांश स्कूलों की मूल्यांकन के अनुसार नीलामी कराने के बाद प्राप्त धनराशि स्कूल के खाते में जमा करा दी गई है।
इन स्कूलों में होगा नए भवन का निर्माण
बेसिक शिक्षा विभाग के अनुसार परिषदीय स्कूल बेनीपुर, सरायखेमा, बसौनी, ब्रहमनी, फत्तेपुर मवइया, मवई आलमपुर, मोलवी खुर्द, विजयपुर, भादर प्रथम, सवनगी, यूपीएस भेटुआ, हनुमंतनगर, खंडहर, धरईमाफी, भेटुआ, कनकसिंहपुर, कटरा बाजार, कोरारी हीरशाह, मड़ेरिका, मनीरामपुर, परतोष, पश्चिमदुवारा, पिडोंरिया, सरैया मोहन, टिकरी प्रथम, जगदीशपुर, हुसैनगंज कला द्वितीय, कपूरीपुर, कोइलारा मुबारकपुर, पूरबगांव द्वितीय, टांडा, पूरे सोहरतसिंह, पुन्नपुर, बदलापुर, भौसिंहपुर, इटौरी, जरौटा, जिरहा, कसारा, खौपुर बुजुर्ग, मिश्रौली बड़गांव, पूरे भुवाला, राघीपुर खरेथू, सहजीपुर, उत्तरगांव, दक्खिनगांव, पूरबगांव, शाहगढ़, उलरा, वीररामपुर, वरसंडा, मर्दानपुर, नेवाजगढ़, पाली प्रथम, पारा, पूरे बोधी, संसारपुर, सेवरा, शेखपुर, सिंगरामऊ, उररेमऊ, यूपीएस बहुआ, फूला, आजादपुर, बहुआ, चिलौली प्रथम, डांगीवरवलिया, हसनपुर, जयनगरा, करनगांव, रुकनपुर, शहरी, अलीपुर, अकबरपुर फारसी, अलाईपुर, जनापुर, कमई, कोटवा, पश्चिम तिलोई, पूरे बैसन, राजापुर हलीम, रमई, उत्तर पारा के भवन का निर्माण होना है।
धनावंटन के बाद शुरू होगा निर्माण: बीएसए
बीएसए डॉ. अरविंद कुमार पाठक ने बताया कि जिले में चिह्नित जर्जर स्कूल भवनों को ध्वस्त कर नए भवन निर्माण कराने की कोशिश की जा रही है। शासन को प्रस्ताव भेजा गया है। धन मिलते ही निर्माण कार्य शुरू कराकर मानक के अनुसार समय से पूर्ण कराते हुए शिक्षण कार्य को बेहतर बनाया जाएगा।