बुधवार को पूर्व मुख्यमंत्री कल्याण सिंह की तेरहवीं में जबरदस्त भीड़ उमड़ी। जनता पंडाल में सुबह साढ़े ग्यारह से ढाई बजे तक, तीन घंटे सब कुछ सामान्य रहा। इस बीच बारिश होने से बाहर इंतजार कर रहे हजारों लोगों का सब्र जवाब दे गया। फिर क्या था, अचानक हजारों की भीड़ जनता पंडाल की ओर बढ़ चली, जिसको जहां मौका मिला, उसने वहां से प्रसाद हासिल किया। जहां जगह मिली, वहीं जम गए और प्रसाद खाया। आलम ये हो गया कि महिलाओं ने बैरीकेडिंग तक तोड़ दी। लोग मेज पर चढ़ गए। थालियां छीनी गईं, प्रसाद जैसे मिला, वैसे लिया। खींचतान में काफी प्रसाद इधर-उधर बिखर गया। पौने तीन से पांच बजे लगभग सवा दो घंटे तक ऐसी ही स्थिति रही। इस दौरान अधिकारी और पुलिस कर्मी सीएम, डिप्टी सीएम के वीवीआईपी मूवमेंट में व्यस्त थे। शाम साढ़े पांच बजे के बाद अधिकारियों और पुलिस ने भाजपा पदाधिकारियों व स्थानीय लोगों के साथ व्यवस्था को संभाला।
पूर्व सीएम की तेरहवीं के लिए केएमवी इंटर कॉलेज में मैदान में पंडाल बना था, जिसमें एक ओर से प्रवेश और दूसरी ओर से निकास बनाया गया था। यह रास्ता यू शेप में बनाया गया था। अंदर बैठ कर अपनी बारी का इंतजार करने के लिए दो अन्य सामान्य पंडाल थे, एक छोटा और एक बड़ा। यहां पंखों के साथ कुर्सियां बिछी थीं। इसके बाद अंदर विशालकाय जर्मन हैंगर पंडाल में खाने की व्यवस्था थी, जिसमें छोले, चावल, रायता, पूड़ी, आलू की सब्जी, काशीफल की सब्जी, राजस्थानी लड्डू, खस्ता सहित आठ तरह के व्यंजनों के अलग-अलग कई स्टाल लगे थे। ये स्टाल पंडाल के दोनों ओर थे। कई स्टाल होने से शुरुआती पंगतों में सब सामान्य रहा। लोग प्लेट लगा कर खड़े होकर या नीचे बैठ कर खा रहे थे। दोपहर साढ़े ग्यारह बजे से ढाई बजे तक लगभग तीन घंटे सब कुछ सामान्य गति से चलता रहा।
करीब सवा दो बजे जब सीएम, डिप्टी सीएम आदि का काफिला यहां पहुंचा तो अधिकारियों और पुलिस का ध्यान वीआईपी मूवमेंट की ओर बढ़ गया। इस बीच बारिश शुरू होने से लोग जल्द ही प्रसाद पाने के लिए पंडाल की ओर बड़ी संख्या में निकल पड़े, ये वही लोग थे, जो अभी तक वीआईपी मूवमेंट और इस कार्यक्रम को बाहर सड़कों पर खड़े होकर इधर उधर से देख रहे थे। बाहर बारिश तेज होने लगी तो सभी पंडाल की ओर आ गए। इससे यहां अचानक बहुत भीड़ हो गई थी।
क्षमता से अधिक भीड़ अचानक पहुंचने पर कुछ देर के लिए अव्यवस्था का माहौल हो गया, जिसके कारण कई लोगों को धक्के खाने पड़े। पुलिस भी मूक दर्शक बनी रही। भीड़ ने पंडाल को एक तरह से अपने कब्जे में ले लिया था। प्रसाद परोस रहा स्टाफ भी भीड़ देख कर पीछे हट गया। साढ़े तीन बजे सीएम, डिप्टी सीएम और अन्य नेताओं का काफिला कार्यक्रम स्थल से हेलीपैड की ओर रवाना हुआ। इस दौरान एक साथ कई कई वीआईपी वाहनों के बाहर आने से पूरा रोड जाम हो गया। चारों ओर हूटर की आवाजें गूंजती रहीं। शाम करीब पांच बजे हजारों लोग बाइकों, कारों और अन्य वाहनों से प्रसाद पाने कार्यक्रम स्थल पहुंच रहे थे। धीरे-धीरे बाहरी लोग प्रसाद लेकर निकलते जा रहे थे और स्थानीय लोगों का आना बढ़ रहा था। इससे केएमवी इंटर कॉलेज रोड जाम हो गया। सैकड़ों वाहन फंस गए। पुलिस ने मुश्किल से इस जाम को खुलवाया। शाम से रात तक जनता पंडाल लोगों से ठसाठस भरा रहा।
इस तरह से सुबह साढ़े ग्यारह बजे से शुरू हुई कल्याण के समर्थकों की कतार रात तक लगी रही, जिसको जहां से मौका मिला वह जनता पंडाल में पहुंचा और प्रसाद लिया। प्रसाद के स्वाद, व्यवस्था, बारिश, वीआईपी मूवमेंट, अतरौली में अब तक का हुआ ये सबसे बड़ा आयोजन जबरदस्त चर्चा में रहा। इस कार्यक्रम को हजारों मोबाइलों में कैद कर सोशल मीडिया में शेयर किया गया। पूरे रामघाट रोड पर पूरे दिन विधायकों सहित अन्य वीआईपी और बड़ी तादाद में जनता का आना जाना जारी रहा। अतरौली में पूरे दिन सड़क पर जाम लगा रहा।