धनतेरस के दूसरे दिन भी बर्तन बाजारों में रही भीड़, गहनों की हुई जमकर खरीदारी
घर लौट रहे लोगों ने खरीदीं मिठाईयां, खीले और बताशे
अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। धनतेरस के बाद दिवाली के लिए शहर के बाजारों में बुधवार को लोगों ने जमकर खरीदारी की। घर पर दीवाली मनाने के लिए गांव लौटने से पहले लोगों ने बाजार पहुंचकर बर्तन, गहने और मिठाईयां खरीदीं। धनतेरस के दूसरे दिन भी बर्तन की दुकानों पर भीड़ लगी रही।
गहनों की दुकानों पर भी ग्राहक पहुंचे। शहर की सबसे बड़ी मार्केट लोअर बाजार में सुबह दस बजे से ही लोगों की भारी भीड़ देखने को मिली। कारोबारियों के अनुसार ज्यादातर लोग एक दिन पहले ही दिवाली के लिए सामान खरीदते हैं। इसलिए मिठाईयों की दुकानों पर सबसे ज्यादा भीड़ रही। कई दुकानों पर लाइनें भी लगी रही। लोगों ने खीले, बताशे, पैठा आदि भी खरीदे। महंगे होने के बावजूद ड्राई फ्रूट्स के गिफ्ट पैक भी इस बार खूब बिके।
लोअर बाजार और रामबाजार में सजावटी सामान की भी बुधवार को काफी बिक्री हुई है। इन दुकानों के अलावा कपड़े, जूते, मोबाइल, टीवी और फ्रीज आदि की खरीदारी को लेकर भी काफी भीड़ दुकानों पर लगी रही। गंज की अनाज मंडी में भी बुधवार को काफी रौनक रही। शिमला व्यापार मंडल अध्यक्ष हरजीत मंगा ने कहा कि इस बार दिवाली पर कारोबार अच्छा रहा है। कपड़ा, बर्तन, गहने से लेकर हर तरह का सामान रखने वाले कारोबारियों को मुनाफा होने लगा है। उम्मीद है बाजार में ऐसे ही तेजी रहेगी।
चाइनीज सामान को टक्कर दे रहा देसी बाजार
दिवाली पर शहर के बाजारों में लोगों ने देसी सजावटी सामान की जमकर खरीदारी की है। इस साल चाइनीज सजावटी सामान और लाइटों की सप्लाई कम होने और इनके रेट ज्यादा होने से इनकी उम्मीद से कम बिक्री हुई है। लोगों ने मिट्टी से बने दीयों, फैंसी दीयों, मूर्तियों, फैंसी मोमबत्तियों आदि की जमकर खरीदारी की है। इनके रेट भी लगभग पिछले साल के बराबर ही है। देसी सजावटी सामान की भी इस बार खूब मांग रही। बाजार में इनकी दुकानें इस बार काफी ज्यादा रही। मिट्टी की मूर्तियां और सजावटी सामान बेच रहे लोअर बाजार के कारोबारी सुरेश कुमार ने बताया कि इस बार लोग देसी चीजों की ज्यादा मांग कर रहे हैं।
फूल बेचने पहुंचे ग्रामीण, मिले चोखे दाम
शहर के साथ लगते शोघी, आनंदपुर, तारादेवी, बड़ागांव आदि गांवों के लोग बुधवार को फूलों के हार बनाकर इसे बेचने के लिए लोअर बाजार पहुंचे। इन्हें इस बार अपनी मेहनत के चोखे दाम मिले हैं। गेंदे और दूसरे किस्म के फूल 50 रुपये से लेकर 100 रुपये प्रति हार तक बिके। लोअर बाजार में नाज चौक, पंसारी चौक और बस स्टैंड के पास ग्रामीण फूलों के हार बेचते रहे। कई लोगों के हार दोपहर तक बिक गए।
फर्नीचर बाजार में भी तेजी
दिवाली पर फर्नीचर की दुकानों पर भी खासी भीड़ देखने को मिली। ओल्ड बस स्टैंड के पास पंचायत भवन में लोगों ने फर्नीचर की काफी खरीदारी की। शहर के बाकी फर्नीचर शोरूम में भी बेड बॉक्स, सोफा सेट और मंदिर आदि की काफी मांग रही।