भाजपा प्रदेश अध्यक्ष सतीश पूनिया ने मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के बयान पर पलटवार किया है। उन्होंने कहा कि करौली हिंसा से ध्यान भटकाने के लिए मुख्यमंत्री अशोक गहलोत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृहमंत्री अमित शाह और राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा पर लगातार झूठे आरोप लगा रहे हैं। पिछले तीन साल में झूठे आरोप लगाने में भी अशोक गहलोत शीर्ष पर हैं।
भाजपा प्रदेशाध्यक्ष ने कहा कि कांग्रेस सरकार की हर विफलता, वादाखिलाफी, भ्रष्टाचार से ध्यान भटकाने के लिए केंद्र सरकार और भाजपा केंद्रीय नेतृत्व पर झूठे आरोप लगाना अशोक गहलोत की आदत बन चुकी है। जिससे वह दिल्ली में बैठे गांधी परिवार को खुश करने में लगे रहते हैं, जो कुर्सी बचाने के लिए उनकी मजबूरी भी बन चुकी है।
2023 में जनता देगी सीएम को जवाब
उन्होंने कहा कि झूठ, भ्रष्टाचार, किसानों-युवाओं के साथ धोखा, बहन-बेटियों के साथ बढ़ते अत्याचार इत्यादि से कांग्रेस के हाथ पाप से इतने रंग चुके हैं, जो कभी नहीं धुल सकते हैं। उनके बयानों से ऐसा लगता है कि मुख्यमंत्री मानसिक संतुलन खो चुके हैं और केन्द्र सरकार और भाजपा नेताओं के विरूद्ध अनर्गल प्रलाप कर रहे हैं। प्रदेश की जनता और बहुसंख्यक हिन्दू 2023 में मुख्यमंत्री के हर झूठ, वादाखिलाफी और अत्याचार का जवाब देंगे।
पूनिया ने राजस्थान में अपराध को लेकर सीएम गहलोत पर पलटवार किया है। उन्होंने कहा कि अशोक गहलोत को शर्म आनी चाहिए कि राजस्थान का गृहमंत्री कौन है, कानून व्यवस्था किसके जिम्मे है? अशोक गहलोत को गृहमंत्री के नाते अपना फर्ज पूरा करना चाहिये, आपके ऐसे बयानों से यह समझ आ रहा है कि कानून व्यवस्था संभालना आपके बस की नहीं है, इसलिये आप कुर्सी छोड़ दो, मोदी जी संभाल लेंगे। गहलोत को अभी से महसूस हो चुका है कि 2023 में प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी की लोकप्रियता व जनकल्याणकारी योजनाओं से भाजपा तीन चौथाई बहुमत के साथ राजस्थान में सरकार बनायेगी।