भरतपुर में उद्योग नगर थाना क्षेत्र के उवार गांव के रहने वाले गोवर्धन मथुरा (यूपी) जिले के नोवा में अपनी बहन चंद्रवती को देखने के लिए जा रहे थे। चंद्रवती कई दिनों से बीमार थी। गोवर्धन के साथ उनका बेटा रुपेश (45), बेटी मुख्त्यारी (35), रुपेश की पत्नी दीपा (40), गोवर्धन की नातिन भूरी साथ थी। गोवर्धन का परिवार स्विफ्ट कार से जा रहे थे। तभी मथुरा के फ़रह थाना इलाके के आगरा-दिल्ली हाइवे पर रेपुरा जाट गांव के पास उनकी कार एक श्रद्धालुओं से भरी ट्रैक्टर-ट्रॉली में पीछे से टकरा गई।
ट्रैक्टर-ट्रॉली में सवार लोग मध्यप्रदेश के भिंड जिले में पोह थाना इलाके के शेरपुर गांव के रहने वाले थे। वह गुरु पूर्णिमा के मौके पर गोवर्धन भगवान के दर्शन के लिए आए थे, और भगवान के दर्शन कर वापस अपने घर जा रहे थे। अचानक से गोवर्धन की कार अनियंत्रित हो गई और ट्रैक्टर-ट्रॉली में जा घुसी। कार स्पीड में थी, ट्रैक्टर-ट्रॉली से टकराने के बाद कार डिवाइडर से जा टकराई। ट्रैक्टर-ट्रॉली में करीब 50 लोग सवार थे।
घटना के बाद मौके पर मची चीख पुकार...
घटना के बाद मौके पर चीख पुकार मच गई। हादसे को देख हाइवे से निकलने वाले लोग रुके और वह तुरंत मदद के लिए पहुंचे। कार के अंदर से चीख पुकार की आवाज आ रही थी। राहगीरों से सभी कार सवार लोगों को बाहर निकाला। घटना की सूचना मिलने के बाद मथुरा एसपी सिटी एमपी सिंह, सीओ रिफाइनरी हर्षिता सिंह जाब्ते के साथ मौके पर पहुंचे और घायलों को फरह के अस्पताल में भर्ती करवाया।
इस हादसे के बाद हाइवे पर लंबा जाम लग गया। घायलों के अस्पताल पहुंचने पर डॉक्टर ने कार सवार रुपेश, गोवर्धन और मुख्त्यारी को मृत घोषित कर दिया। वहीं, ट्रैक्टर-ट्रॉली सवार मुकेश और गयादीन को भी मृत घोषित कर दिया गया। घटना में 33 लोग घायल हुए हैं।