फिरोजाबाद में डेंगू अब बच्चों से ज्यादा बड़ों को भी अपना शिकार बना रहा है। सरकारी ट्रॉमा सेंटर में इमरजेंसी में भर्ती करने के लिए जगह नहीं बची है। मरीजों को बेंच, स्ट्रेचर आदि पर लेटकर इलाज करना पड़ रहा है। बुखार से तपते नए मरीजों को पहले जमीन पर लेटकर घंटों पलंग खाली होने का इंतजार करना पड़ रहा है। मेडिकल कॉलेज का वार्ड नंबर चार और पांच भी फुल है। शुक्रवार को इमरजेंसी में क्षमता से कई गुना ज्यादा मरीज भर्ती थे। यहां तक की तीमारदारों को बैठने तक के लिए जगह नहीं बचीं थी। वार्ड में पड़े पलंग पर दो-दो मरीज भर्ती थे। पलंग के बीच स्ट्रेचर या बेंच डालकर भी मरीजों को भर्ती किया गया। इसके बाद भी मरीज आते रहे तो बरामदे में पड़ी स्लेप पर लेटाकर ही ड्रिप चढ़ाई गई। स्टोर और अन्य कक्षों में भी अतिरिक्त पलंग डलवाए गए हैं।