फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Ashoknagar: BJP नेत्री की मौत या हत्या? गुत्थी में उलझी दो प्रदेशों की पुलिस, दिग्विजय ने DGP को लिखी चिट्ठी

Sat, 22 Jun 2024 05:29 PM IST
अरविंद कुमार न्यूूज डेस्क, अमर उजाला, अशोकनगर

सार

अशोकनगर के चंदेरी की बीजेपी मंडला अध्यक्ष ममता यादव की गुमशुदगी के बाद मौत का मामला नौ महीने बाद भी नहीं सुलझ पाया है। पूर्व सीएम दिग्विजय सिंह ने शनिवार को इस मामले में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर उच्चस्तरीय जांच की मांग उठाई।
विज्ञापन
पूर्व सीएम दिग्विजय सिंह - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

मध्यप्रदेश में अशोकनगर जिले की चंदेरी तहसील के अंतर्गत आने वाले टांडा गांव की निवासी और बीजेपी की महामंत्री ममता यादव की सितंबर 2023 में उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में हुई हत्या मध्यप्रदेश और उत्तर प्रदेश पुलिस के लिए मिस्ट्री बनी हुई है। इसको लेकर मृत महिला के परिजन न्याय के लिए इधर-उधर भटकते हुए नजर आ रहे हैं। इसी क्रम में मृत बीजेपी नेत्री का परिवार मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह के पास पहुंचा, जिनसे दिग्विजय सिंह ने पूरे मामले को समझा और उसके पश्चात मध्यप्रदेश पुलिस के महनिदेश्क को पत्र लिखा।

विज्ञापन


इसमें उनके द्वारा कहा गया कि राजभान यादव आत्मज बलवंत सिंह यादव निवासी ग्राम टांडा, थाना चंदेरी, जिला अशोकनगर, मध्यप्रदेश का आवेदन पत्र अन्य दस्तावेजों सहित संलग्न है। आवेदक ने अपनी बहन ममता यादव की उत्तर प्रदेश के प्रयागराज जिले के मांडा थाने के अंतर्गत सितंबर 2023 में हुई हत्या की निष्पक्ष जांच कराने, दोषी लोगों के खिलाफ कार्रवाई करने तथा प्रकरण में चंदेरी पुलिस थाने के जांच अधिकारी की संदिग्ध भूमिका की जांच कर उनके खिलाफ कार्रवाई करने का निवेदन किया गया है। चूंकि यह प्रकरण मध्यप्रदेश और उत्तर प्रदेश पुलिस के बीच विगत नौ महीने से एक पहेली बना हुआ है तथा मृतका के भाई द्वारा आवेदन पत्र में जिन तथ्यों का उल्लेख किया गया है, वे अत्यंत गंभीर हैं। मृतका भारतीय जनता पार्टी की चंदेरी मंडल की महामंत्री के पद पर थी। इस पत्र के साथ उसके फोन की काॅल डिटेल्स संलग्न है। मौत के पहले उसकी मोबाइल नंबर 8319295659 पर 86 बार बात हुई है। यह भी जांच का विषय है कि यह नंबर किस व्यक्ति के नाम पर है तथा इसका उपयोग किसके द्वारा किया जा रहा है?

आवेदक ने यह भी शिकायत की है कि प्रयागराज पुलिस द्वारा उनकी बहन के शव की पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट उन्हें नहीं दी जा रही है। चंदेरी पुलिस भी इसमें कोई जानकारी परिजनों से साझा नहीं कर रही है। मृतका के शव को अज्ञात मानकर प्रयागराज पुलिस द्वारा दफना दिया गया है, जबकि आवेदक खुद पुलिस द्वारा दिखाए गए फोटो के अनुसार उसकी शिनाख्त कर चुका है। आवेदक ने यह भी बताया है कि उसकी बहन जब घर से गई थी तो उसने बताया था कि वह श्री रमापति द्विवेदी, निवासी ग्राम बड़ोखर, थाना कोरांव जिला प्रयागराज, उत्तर प्रदेश से अपनी उधारी के सात लाख रुपये लेने के लिए जा रही है। घर से जाते समय उसके पास आईफोन, दो पेन ड्राइव, एक वीवो फोन, तीन तोला सोने की चेन, तीन सोने की अंगूठियां, एक सोने का ब्रेसलेट, पंद्रह हजार रुपये नकद और एक काले रंग का बैग भी था, जिसके बारे में पुलिस ने कोई जानकारी नहीं दी है।
विज्ञापन


आवेदक ने आरोप लगाया है कि इस मामले में लिप्त प्रभावशाली लोगों को बचाने के लिए प्रयागराज पुलिस द्वारा ममता के शव का डीएनए टेस्ट भी नहीं कराया गया है, जिसके कारण आवेदक को आशंका है कि उसका दफन किया गया शव बदला जा सकता है। आवेदक अपनी बहन का हिंदू रीति रिवाज से अंतिम संस्कार करना चाहता है। इसलिए उसके द्वारा शव की मांग की जा रही है, किन्तु प्रयागराज पुलिस द्वारा मृतका का शव उसके परिजनों को नहीं सौंपा जा रहा है। आवेदक का आरोप है कि ममता की हत्या उत्तर प्रदेश के ही एक व्यक्ति संजय द्विवेदी ने 20 लाख रुपये लेकर की है।

संजय द्विवेदी के इस कबूलनामे का चंदेरी थाने के जांच अधिकारी धर्मेश दांगी ने अपने मोबाइल में वीडियो भी बनाया था, जिसे वे छुपा रहे हैं। आवेदक ने इस प्रकरण में प्रभावशाली राजनेताओं के शामिल होने के कारण अपनी हत्या की आशंका प्रकट करते हुए स्वयं को एवं परिवार को सुरक्षा प्रदान करने की मांग भी की है। मेरा आपसे अनुरोध है कि इस प्रकरण में उल्लेखित तथ्यों की गंभीरता को दृष्टिगत रखते हुए पुलिस मुख्यालय स्तर से उत्तर प्रदेश पुलिस से समन्वय स्थापित कर प्रकरण की निष्पक्ष जांच करने में सहयोग करने का कष्ट करें। मेरी मांग है कि प्रकरण की निष्पक्ष जांच के लिए चंदेरी पुलिस के जांच अधिकारी धर्मेश दांगी को हटाने तथा प्रकरण की जांच भारतीय पुलिस सेवा के किसी वरिष्ठ पुलिस अधिकारी से कराई जाए। साथ ही यह अनुरोध है कि इस प्रकरण में दोषी व्यक्तियों के खिलाफ तत्काल कार्रवाई करने, मृतका का शव एवं उसकी पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट परिवार को दिलाने तथा परिवार को सुरक्षा प्रदान करने के लिए आवश्यक कार्रवाई करने का कष्ट करें।

विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें