देश के अस्पतालों में एंबुलेंस सेवाओं में काम कर रहे डॉक्टरों, इमरजेंसी डिपार्टमेंट पैरामेडिकल स्टाफ और नर्सों के लिए नेशनल इमरजेंसी लाइफ स्पोर्ट कोर्सेज लॉन्च किया गया है। इसके तहत आपात स्थिति में मरीज को बेहतर इलाज देने के लिए चिकित्सकों नर्सों और अन्य मेडिकल स्टाफ को प्रशिक्षण दिया जाएगा।
नेशनल इमरजेंसी लाइफ स्पोर्ट कोर्सेज को केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण राज्यमंत्री भारती प्रवीन पवार ने लॉन्च किया है। चिकित्सकों नर्सों और अन्य मेडिकल स्टाफ को प्रशिक्षित करने के लिए प्रशिक्षकों का काडर तैयार किया जाएगा। साथ ही सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में नेशनल इमरजेंसी लाइफ स्पोर्ट कोर्सेज को लागू करने पर जोर दिया जाएगा। इसके लिए बुनियादी ढ़ाचे को विकसित करने का काम किया जाएगा।
भारती प्रवीन पवार ने बताया कि अभी तक हमारे देश को चिकित्सा विभाग से जुड़े लोगों को विदेशी कार्स पर निर्भर रहना पड़ता था, जो महंगे भी होते थे। इसलिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मेक इन इंडिया और आत्मनिर्भर भारत की नीतियों को ध्यान में रखकर यह कोर्स बनाया गया है। 2017 में उन्होंने कहा था कि स्वास्थ्य संबंधी आपात चुनौतियों से निपटने के लिए एकीकृत आपात प्रणाली को विकसित किया जा रहा है।
स्वास्थ्य संबंधी आपात स्थिति में हर व्यक्ति को उचित इलाज मिलना इसकी प्राथमिकता है। पवार ने बताया कि नेशनल इमरजेंसी लाइफ स्पोर्ट कोर्सेज के स्किल सेंटरों को मेडिकल कॉलेजों से संबद्ध किया जाएगा। देश की स्वास्थ्य व्यवस्था इससे मजबूत होगी। अपात स्थित में उपचार मुहैया कराना इस कार्यक्रम की प्राथमिकता है।