शहर के बहुचर्चित विजय नगर हत्याकांड के आरोपी अभिषेक उर्फ मोनू मलिक के खिलाफ पुलिस की चार्जशीट तैयार हो गई है। पुलिस अधिकारियों का दावा है कि केस में आरोपी के खिलाफ पुख्ता सुबूत हैं। चार्जशीट को अदालत में दाखिल करने से पहले पुलिस सरकारी वकील के पास जांच के लिए भेजेगी। इसके बाद 2 दिसंबर तक कोर्ट में दाखिल किया जाएगा।
सोनीपत जिले के गांव मदीना निवासी बबलू मलिक 20 साल पहले रोहतक के विजय नगर में आकर रहने लगा था, जो प्रॉपर्टी डीलर के तौर पर काम करता था। 27 अगस्त को घर के अंदर बबलू मलिक, उसकी पत्नी बबली, बेटी नेहा व सास रोशनी को गोली मारी गई थी। तीन की मौके पर मौत हुई, जबकि नेहा ने दो दिन बाद पीजीआई में दम तोड़ा था। मामले में पुलिस ने 31 अगस्त को बबलू मलिक के बेटे अभिषेक उर्फ मोनू को गिरफ्तार किया था, जो अब न्यायिक हिरासत के चलते सुनारिया जेल में बंद है। नियमों के तहत गिरफ्तारी के 90 दिन के अंदर कोर्ट में चार्जशीट दाखिल करनी होती है। आरोपी की गिरफ्तारी के हिसाब से तीन माह 1 दिसंबर को पूरे हो रहे हैं। ऐसे में पुलिस को 2 दिसंबर तक आरोप पत्र दाखिल करना है। वहीं, पुलिस 14 दिन की न्यायिक हिरासत के बाद आरोपी अभिषेक को 29 नवंबर को अदालत में पेश करेगी। उसी दिन पुलिस की तरफ से भी चार्जशीट दाखिल की जा सकती है। हालांकि पुलिस के पास दो दिसंबर तक का समय है।
विजय नगर हत्याकांड में गहराई से जांच पड़ताल की गई है। चार्जशीट तैयार हो गई है। वीरवार को ही जांच अधिकारी से आरोप पत्र के संबंध में रिपोर्ट मांगी थी। आरोपी अभिषेक के खिलाफ पुख्ता सुबूत हैं।
- कृष्ण कुमार लोहचब, एएसपी, रोहतक
नियमों के तहत दो दिसंबर तक पुलिस को आरोप पत्र दाखिल करना है। अगर आरोपी की गिरफ्तारी के 90 दिन के अंदर चार्जशीट नहीं आई तो अभिषेक की जमानत के लिए कोर्ट में अर्जी लगाई जाएगी।
- एडवोकेट शिवराज मलिक, वकील, बचाव पक्ष