पानीपत। अब लावारिस नवजातों के लिए रेडक्रॉस सोसायटी की ओर से शहर में छह जगहों पर पालने रखवाएं जाएंगे। अगर किसी नवजात का माता-पिता त्याग करते हैं तो उसे इन पालनों में छोड़ा जा सकता है। इन बच्चों के पालन पोषण से लेकर चिकित्सीय मदद तक रेडक्रॉस सोसायटी की ओर से मुहैया कराई जाएगी।
माताएं या अन्य परिजन किन्हीं कारणों से नवजातों का त्याग करने पर कहीं भी छोड़कर चले जाते हैं, ये शिशु लावारिस हालत में कूड़े के ढेर में मिलते हैं और सही समय पर उनका इलाज भी नहीं हो पाता है। ऐसे बच्चों का पालन पोषण और चिकित्सीय सहायता की व्यवस्था अब जिला रेडक्रॉस सोसायटी की ओर से की जाएगी। इसके लिए जिले में 6 स्थानों पर पालने रखें जाएंगे।
यहां रखवाए जाएंगे पालने
देवी मंदिर, डेरा जोध सचियार गुरुद्वारा, शिव नगर स्थित पुर्नवास केंद्र, रेडक्रॉस सोसायटी, ओपन सेल्टर होम सृष्टि कल्याण समिति और पीएचसी समालखा के बाहर पालने रखवाए जाएंगे।
कई बार देखने में आया है कि सामाजिक या आर्थिक कारणों से बच्चों के पैदा होने पर उन्हें त्याग दिया जाता है। नवजातों को धार्मिक स्थानों या अन्य अज्ञात स्थानों पर छोड़ दिया जाता है। कई बाद उनकी जान भी चली जाती है। ऐसे में रेडक्रॉस की ओर से यह व्यवस्था की जा रही है। - सुशील सारवान, उपायुक्त एवं अध्यक्ष, जिला रेडक्रॉस सोसायटी