हरियाणा के पानीपत शहर में बढ़ती गोवंशों की संख्या और उनसे होने वाली परेशानियों को लेकर शहर की सामाजिक संस्थाओं ने निगम कार्यालय के बाहर मंगलवार को अनूठा विरोध प्रदर्शन किया। एक बेसहारा गोवंश के गले में फूलों की माला डालकर निगम में ले आए। साथ में पंडितों ने मंत्रोच्चारण के साथ निगम के साथ बेसहारा गोवंश की शादी करवा दी।
इस दौरान आयुक्त को ज्ञापन भी सौंपा। लागों ने कहा कि अगर इस समस्या का समाधान न हुआ तो वे हर अधिकारी, नेता और पार्षद के घर दो-दो गोवंश बांध देंगे। इस पर आयुक्त ने कहा कि वे गोशाला बनवाने जा रहे हैं। तब तक दो-दो गोवंश प्रदर्शन करने वाले भी अपने घर बांध लें तो अच्छा होगा।
प्रदर्शन की अगुवाई पूर्व जिला पार्षद जोगिंद्र स्वामी ने की। उन्होंने कहा कि 10 मार्च को मुख्यमंत्री के आगमन को लेकर नगर निगम अधिकारी कर्मचारी सेक्टर 13-17 हेलीपैड पर बेसहारा पशुओं को मारपीट कर भगा रहे थे। इसकी चपेट में 19 वर्षीय जगप्रीत आ गया। इसमें जगप्रीत गंभीर रूप से घायल हो गया।
वह अब भी एक निजी अस्पताल में कोमा में है और अपने जीवन की लड़ाई लड़ रहा है। उन्होंने कहा कि 2018 से अब तक 10-12 हजार पशुओं को नैन गोशाला में भेजा जा चुका है। करोड़ों खर्च हो चुके हैं फिर भी गोशाला में तीन हजार पशु हैं।
बाकी पशु सड़कों पर आ गए हैं। मौके पर रणजीत भोला, सरदार कवलजीत सिंह, गोविंद सैनी, ईश्वर बैरागी, कुलदीप शर्मा, राजेश शर्मा, सरदार बलबीर सिंह, अमित श्रीवास्तव, उदय शर्मा, सुनील धीमान, सुनील डावर, सुमित शर्मा, विकास सिंगल आदि उपस्थित रहे।
पहले कोई नहीं, बाद में अलर्ट दिखे नेता
नगर निगम में प्रदर्शन से पहले ही पूरा प्रशासन और मेयर नगर निगम अलर्ट मोड में दिखाई दिए। सोमवार सुबह उपायुक्त दुर्घटना में घायल जगप्रीत को अस्पताल देखने पहुंचे। उन्होंने परिजनों को इलाज का खर्च प्रशासन द्वारा वहन करने का आश्वासन दिया। थोड़ी देर में ही मेयर अवनीत कौर भी अस्पताल पहुंचीं और परिजनों को आश्वस्त किया। वहीं, इस समस्या को लेकर निगम कार्यालय में आयुक्त से मिलने सीनियर डिप्टी मेयर भी पहुंच गए।